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Jammu: ट्रांसफॉर्मर पर छह घंटे पड़ा रहा शव, बिजली के टूटे तार ने ली जान, करंट लगने से मजदूर फतेह चंद की मौत

Sun, 11 Jan 2026 04:01 PM IST
निकिता गुप्ता अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू

सार

बिजली की टूटी तार की मरम्मत करते समय करंट लगने से एक मजदूर की मौत हो गई और पिछले छह घंटे से मृतक का शव ट्रांसफॉर्म पर पड़ा रहा।
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विलाप करते परिजन - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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अरनिया कस्बे के गांव कठार में रविवार को बिजली के टूटे तार की मरम्मत करते समय करंट लगने से दिहाड़ीदार की मौत हो गई। हादसे के बाद छह घंटे तक शव ट्रांसफार्मर पर ही लटका रहा।गांव में 11000 केवी लाइन का तार टूट गया था।

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सुबह बिजली विभाग का दिहाड़ीदार फतेह चंद (48) निवासी शिबू चक तार जोड़ने के लिए ट्रांसफार्मर पर चढ़ा। अचानक वह करंट की चपेट में आ गया जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। करंट इतना जोरदार था कि आग लगने से फतेह चंद बुरी तरह से झुलस गया।

ग्रामीणों ने बताया कि शनिवार देर रात से गांव में तार टूटने से बिजली गुल हो गई थी। लाइनमैन ने रविवार सुबह इसकी मरम्मत के लिए फतेह चंद को बुलाया और ट्रांसफार्मर के ऊपर चढ़कर तार जोड़ने के लिए कहा। लाइनमैन बरियाम सिंह ने फोन कॉल के जरिए नंदपुर रिसीविंग स्टेशन से शटडाउन लिया। इसके बाद फतेह चंद तार जोड़ने के लिए ट्रांसफार्मर पर चढ़ गए। इसी बीच रिसीविंग स्टेशन से बिजली आपूर्ति सुचारु कर दी गई। इससे फतेह चंद करंट की चपेट में आ गए। मौके पर मौजूद लाइनमैन और दो अन्य ग्रामीणों ने किसी तरह जान बचाई और घटनास्थल से भाग निकले।
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सूचना मिलते ही अरनिया थाने से पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई। कांग्रेस नेता नीरज कुंदन भी ग्रामीणों के बीच पहुंच गए। उन्होंने परिजन को ढांढस बंधाया और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करवाने का आश्वासन दिया। तहसीलदार अरनिया अमनदीप सिंह करीब तीन घंटे बाद घटनास्थल पर पहुंचे।

हादसे के चार घंटे बाद घटनास्थल पर पहुंचते ही विधायक राजीव भगत के खिलाफ ग्रामीणों ने गो बैक के नारे लगाना शुरू कर दिए। शाम 5:30 बजे बिजली विभाग के एईई भानु प्रताप सिंह घटनास्थल पर पहुंचे। ग्रामीणों ने उनका घेराव कर लिया। पुलिस अधिकारियों ने बीच-बचाव करते हुए ग्रामीणों को शांत करवाया।

मृतक के परिजन घर के एक सदस्य को नौकरी और मुआवजा देने की मांग पर अड़ गए। लिखित में आश्वासन न दिए जाने पर विरोध और ज्यादा होने लगा। इसी बीच विधायक राजीव भगत, तहसीलदार और बिजली विभाग के अधिकारी लिखित में आश्वासन देने के लिए राजी हो गए। इसके बाद शव ट्रांसफार्मर से नीचे उतारा गया और पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
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परिजन व ग्रामीणों ने रिसीविंगस्टेशन पर धावा बोला
घटना के बाद मृतक के परिजनों ने ग्रामीणों के साथ मिलकर नंदपुर रिसीविंग स्टेशन पर धावा बोल दिया। बीच-बचाव करते हुए पुलिस ने रिसीविंग स्टेशन के अंदर मौजूद जेई जनक राज और एक अन्य कर्मचारी को बाहर निकाला। बाद में दोनों मुलाजिमों को थाने ले जाया गया।
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