अंबफला जेल से हुई आरोपी कमल सिंह जम्वाल की वर्चुअल पेशी
विशेष जांच दल के सदस्य ने दिया था हिरासत बढ़ाने का आवेदन
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। नेशनल कांफ्रेंस(एनसी) के अध्यक्ष और जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. फारूक अब्दुल्ला पर हमले के आरोपी की न्यायिक हिरासत 14 दिन और बढ़ा दी गई है। आरोपी कमल सिंह जम्वाल की सोमवार दोपहर सब जज जीवन शर्मा की अदालत में अंबफला जेल से वर्चुअल पेशी हुई। उसे आगामी 20 अप्रैल तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
मामले की जांच के लिए गठित किए गए विशेष जांच दल के सदस्य इंस्पेक्टर शारिक मजीद की ओर से न्यायिक हिरासत बढ़ाए जाने संबंधी अर्जी दी गई थी। इसमें अभी जांच अधूरी होने का हवाला देते हुए हिरासत बढ़ाए जाने की बात कही गई थी। केस डायरी देखने के बाद कोर्ट ने पाया कि जांच अभी पूरी नहीं हुई है और आरोपी को जमानत नहीं मिली है।
इस पर अदालत ने आरोपी की न्यायिक हिरासत को बढ़ाते हुए जिला जेल, जम्मू में रखने और अगली तारीख को या उससे पहले सक्षम मजिस्ट्रेट के सामने पेश करने के निर्देश दिए। पुरानी मंडी निवासी 63 वर्षीय कमल सिंह जम्वाल को बीती 11 मार्च को डॉ. फारूक अब्दुल्ला को निशाना बनाकर की गई फायरिंग के बाद गिरफ्तार किया गया था। उसके पास से रिवॉल्वर भी बरामद की गई थी। डॉ. फारुक अब्दुल्ला उस वक्त जम्मू के ग्रेटर कैलाश इलाके में एक शादी समारोह में शिरकत करने के बाद निकल रहे थे।
आरोपी को 12 मार्च को पांच दिन की पुलिस हिरासत में भेजा गया था इसके बाद रिमांड को सात दिन और बढ़ाया गया था। इसके बाद आरोपी को छह अप्रैल तक की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था। पुलिस ने घटना की जांच करने और हमले के पीछे के मकसद की जांच करने के लिए एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन भी किया था।
हत्या के प्रयास और हथियार रखने के आरोप में एफआईआर
डॉ. फारुक अब्दुल्ला पर हमले के आरोपी कमल सिंह जम्वाल पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 109 और आर्म्स एक्ट की धारा 3/25 के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस स्टेशन गंग्याल में दर्ज एफआईआर में इन दोनों धाराओं का संयोजन गंभीर आपराधिक मामला माना जाता है।