जम्मू विश्वविद्यालय के स्नातक प्रथम वर्ष के पुनर्मूल्यांकन के नतीजे मंगलवार को घोषित हुए। इन नतीजों से स्नातक प्रथम वर्ष के छात्र-छात्राओं को काफी निराशा हुई है। छात्र-छात्राओं ने बताया कि विभिन्न कापियों के पुनर्मूल्यांकन नतीजे तीन माह बाद घोषित हुए, जबकि 45 दिनों के अंदर नतीजे घोषित होने चाहिएं।
देरी से नतीजे घोषित होने पर भी संतोषजनक अंक हासिल नहीं हो सके हैं। एक ओर यूनिवर्सिटी प्रशासन द्वारा इतनी महंगी फीस रखी गई है, जिससे प्रति कापी पांच सौ रुपये फीस भुगतान करने के बाद भी उन्हें न तो समय पर पुनर्मूल्यांकन का परिणाम घोषित हुआ और न ही इस रिजल्ट से विद्यार्थियों को कोई लाभ हुआ।