जम्मू और कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने मंगलवार को राजोरी जिले के बड्डाल गांव का दौरा किया जहां पिछले डेढ़ महीने में रहस्यमय परिस्थितियों में 17 लोग, जिनमें 13 बच्चे भी शामिल हैं, मौत के शिकार हो गए। मुख्यमंत्री ने शोक संतप्त परिवारों के साथ अपनी सहानुभूति व्यक्त की और इस घटना पर गहरी चिंता जताई।
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला जो राष्ट्रीय कांग्रेस के स्थानीय विधायक जावेद इकबाल चौधरी के साथ गांव पहुंचे तो पहले कब्रिस्तान का दौरा किया और मृतकों के लिए फतेह (विशेष प्रार्थनाएं) अर्पित की। अधिकारियों के अनुसार मुख्यमंत्री ने मोहम्मद असलम के परिवार से भी मुलाकात की जिन्होंने इस त्रासदी में अपने छह बच्चों और उनके मामा-भांजी को खो दिया। असलम और उनकी पत्नी इस परिवार में एकमात्र जीवित सदस्य हैं।
पिछले एक महीने में, तीन परिवारों से संबंधित 17 लोग, जो आपस में जुड़े हुए थे जो 7 दिसंबर से 19 जनवरी के बीच रहस्यमय कारणों से मृत पाए गए थे। मुख्यमंत्री का यह दौरा उस दिन हुआ जब एक उच्च-स्तरीय अंतर-मंत्रालयी टीम इस घटना की जांच के लिए गांव पहुंची थी।
इससे पहले जम्मू और कश्मीर सरकार के एक प्रवक्ता ने कहा था कि जांच और नमूनों से यह स्पष्ट हुआ कि यह घटनाएं बैक्टीरियल या वायरल संक्रामक बीमारी के कारण नहीं थीं और सार्वजनिक स्वास्थ्य पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा है। एक विशेष जांच दल (एसआईटी ) का गठन किया गया है, क्योंकि मृतकों के नमूनों में कुछ न्यूरोटॉक्सिन पाए गए हैं। हाल ही में, अधिकारियों ने गांव में एक झरने को सील कर दिया, क्योंकि इसके पानी में कुछ कीटनाशकों/पेस्टीसाइड्स के अंश मिले थे।