रणजी ट्राॅफी में जम्मू-कश्मीर के पास सेमीफाइनल में पहुंचने का मौका
आठ फरवरी को एमसीए क्रिकेट स्टेडियम गहुंजे पुणे में होगा मुकाबला
शुभम खजूरिया सात मैच की 12 पारियाें में बनाए हैं 663 रन
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। गेंदबाजी, बल्लेबाजी और क्षेत्ररक्षण में अच्छा प्रदर्शन कर रही जम्मू-कश्मीर टीम के पास रणजी ट्राॅफी के सेमीफाइनल में पहुंचने का मौका होगा। 2020 के बाद पहली बार क्वार्टरफाइनल में पहुंची टीम के सामने आठ फरवरी को एमसीए क्रिकेट स्टेडियम गहुंजे (पुणे) में केरल की चुनौती होगी।
मौजूदा प्रदर्शन को देखते तो जम्मू-कश्मीर इस मुकाबले में फेवरेट है, लेकिन उसके लिए बल्लेबाजों को दम दिखाना होगा। केरल के खिलाफ मुकाबले में सभी नजरे सलामी बल्लेबाजी शुभम खजूरिया पर रहेगी। रणजी ट्रॉफी में सबसे ज्यादा रन बनने वालों में शुभम नौवें स्थान पर हैं। सात मैच की 12 पारियाें में उन्होंने 663 रन बनाए हैं, जिसमें 255 रन की बड़ी पारी शामिल है।
वहीं, केरल की बात करें तो सलमान नाजिर ने सबसे ज्यादा 399 रन बनाए है। गेंदबाजी में भी जम्मू-कश्मीर का पलड़ा केरल पर भारी दिख रहा है। जम्मू-कश्मीर के तेज गेंदबाज आकिब नबी सबसे ज्यादा विकेट लेने के मामले में तीसरे स्थान पर हैं। उन्होंने सात मैचों की 13 पारियों में 38 विकेट लिए हैं। केरल के जलज सक्सेना 11वें स्थान पर हैं, उनके नाम सात मैच में 33 विकेट हैं।
जम्मू-कश्मीर बल्लेबाजाें को जलज सक्सेना और ए सरवटे की चुनौती से पार पाना होगा। मुंबई के खिलाफ मुकाबले में जम्मू-कश्मीर के मध्यम गति के गेंदबाजों ने कहर ढहाया था, जबकि बड़ौदा के खिलाफ मुकाबले में स्पिन गेंदबाजों ने जीत में अहम भूमिका निभाई।केरल के खिलाफ टीम स्पिन और मध्यम गति के गेंदबाजों के सहारे जीत का सपना देख रही है।
जीत के क्रम को जारी रखने की जरूरत : रसूल
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर और जम्मू-कश्मीर क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान परवेज रसूल ने कहा कि टीम ने हर क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन किया है, जिसे जारी रखने की जरूरत है। हमारे पास अनुभव और युवा खिलाड़ियों को टीम है, जो किसी भी मैच का रुख बदलने का माद्दा रखती है। 2020 के बाद क्वार्टर फाइनल में टीम पहुंची है। हमने केरल को रणजी ट्रॉफी में काफी बार हराया है। ऐसे में टीम के पास एक सकारात्मक बढ़त होगी। बल्लेबाजों को और ज्यादा ध्यान देने की जरूरत है। कप्तान पारस डोगरा बल्ले से अच्छे नहीं कर पाए हैं, लेकिन जिस तरह उन्होंने टीम को आगे बढ़ाया है वह सराहनीय है।
टीम का अब तक का क्वार्टर फाइनल का सफर
- 2014 में जम्मू-कश्मीर रणजी ट्रॉफी के क्वार्टर फाइनल में पहुंची थी
- 2020 में भी क्वार्टर फाइनल तक का सफर तय किया था, लेकिन कर्नाटक से हार मिली थी
- अब पांच साल 2025 में जम्मू-कश्मीर की टीम तीसरी बार क्वार्टर फाइनल में पहुंची है
- 2020 में क्वार्टर फाइनल खेलने वाले चार खिलाड़ी मौजूदा जम्मू-कश्मीर टीम में हैं