उधर, जम्मू संभाग के नत्थाटॉप में एक फुट तक, पटनीटॉप, जुगधार, स्योजधार, शिवगढ़, लद्दाधार में इस साल की पहली बर्फबारी हुई है। इसके अलावा कटड़ा के त्रिकुटा पर्वत की ऊंची चोटियों पर दो से तीन इंच, किश्तवाड़ के सिंथनटॉप, मर्गनटॉप, बाड़वन, मढ़वा, मचैल गंधारी और बोंझवा में भी आधा से एक फुट तक हिमपात हुआ है। डोडा के देसा, गुंदना, कोटी के ऊपरी इलाकों सहित भद्रवाह के कैलाश पर्वत, आशापति ग्लेशियर, कंसर गांव, बोमंथला आदि इलाकों में छह इंच तक बर्फबारी हुई है।
कश्मीर घाटी के कई कई पर्वतीय इलाकों में ताजा बर्फबारी हुई, जबकि मैदानी क्षेत्रों में बारिश हुई है। गुलमर्ग, सोनमर्ग और पहलगाम में मंगलवार रात भर हल्की से मध्यम स्तर की बर्फबारी हुई। अनंतनाग जिले के कोकरनाग, कुपवाड़ा के हंदवाड़ा और बांदीपोरा जिले के गुरेज में भी बर्फबारी दर्ज की गई। अधिकारियों ने बताया कि श्रीनगर-लेह राजमार्ग पर जोजिला अक्ष सहित जम्मू-कश्मीर के ऊंचाई वाले अन्य इलाकों में भी हिमपात हुआ है।
मौसम विभाग ने बुधवार और वीरवार को प्रदेश में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी की संभावना है। कुपवाड़ा, बांदीपोरा, बारामूला, गांदरबल, शोपियां, कुलगाम और अनंतनाग में कुछ ऊंचाई वाले इलाकों में भारी बर्फबारी हो सकती है। चार फरवरी तक मौसम खराब रहने के आसार हैं।
चिल्ले कला खत्म, अब 20 दिन के लिए चिल्ले खुर्द
बुधवार को 40 दिन के चिल्ले कलां समाप्ति के साथ कश्मीर घाटी में 20 दिन के लिए चिल्ले खुर्द (छोटी ठंड) का दौर शुरू हो गया है। इस अवधि के दौरान बारिश और बर्फबारी की अधिक संभावना रहती है। इसी बीच कश्मीर घाटी में रात के तापमान में सुधार हुआ है।