सुरक्षा के चलते जांच करती जम्मू कश्मीर पुलिस।
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दक्षिण व मध्य कश्मीर में आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद (जीईएम) के मॉड्यूल का भंडाफोड़ करते हुए स्टेट जांच एजेंसी (एसआईए) ने दस आतंकी मददगारों को गिरफ्तार किया है। मंगलवार रात को एसआईए ने कश्मीर घाटी के अलग-अलग जिलों में दस ठिकानों पर छापे मारकर कार्रवाई की। पकड़े गए सभी आतंकी मददगार (ओजीडब्ल्यू) पाकिस्तान में बैठे आतंकी कमांडरों से निर्देश पर काम कर रहे थे। इनके कब्जे से हथियार, सिम कार्ड व अन्य आपत्तिजनक सामग्री बरामद की गई है।
एक अधिकारी ने बताया कि उक्त मॉड्यूल जैश नेतृत्व के उच्च स्तर के माध्यम से दूसरे आतंकी मॉड्यूल से जुड़ा हो सकता है। सुरक्षा एजेंसियों की ओर से इसकी जांच की जा रही है। पकड़े गए आतंकी मददगार घाटी में युवाओं को संगठन में भर्ती करने, पैसे की व्यवस्था करने, दक्षिण और मध्य कश्मीर में हथियारों को एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाने के अलावा आतंकियों को रसद व अन्य सहायता प्रदान करने में सक्रिय थे।
सुरक्षा अधिकारी के अनुसार, आरोपियों से तलाशी के दौरान मोबाइल फोन, सिम कार्ड, बैंकिंग चैनलों के उपयोग को दर्शाने वाले रिकॉर्ड और डमी पिस्टल भी जब्त किया गया है। पकड़े गए एक आतंकी मददगार में एक ऐसा भी है, जिसके घर पर 4 अप्रैल, 2020 को चार आतंकवादी मारे गए थे। अब तक यह मॉड्यूल दक्षिण और मध्य कश्मीर में आतंकी गतिविधियों को आगे बढ़ाने की दिशा में काम कर रहा था।
पकड़े गए मददगारों में कई छात्र
गिरफ्तार किए गए सदस्य ज्यादातर स्कूल और कॉलेज जाने वाले पढ़ाई में कमजोर छात्रों की आतंकी संगठन में भर्ती कर रहे थे, क्योंकि उनमें से कुछ स्वयं छात्र हैं। वे जैश के नियमित आतंकवादियों के साथ गहरे संबंध रखते थे और काफी समय से निगरानी में थे।
विशेष अदालत में किया जाएगा पेश
बता दे कि जब्त किए गए डिजिटल रिकॉर्ड सबूत विश्लेषण के लिए एफएसएल को भेजे जा रहे हैं और गिरफ्तार व्यक्तियों को श्रीनगर में एनआईए अदालत के समक्ष पेश किया कर रिमांड पर लिया जाएगा।