रामबन। जम्मू-श्रीनगर नेशनल हाईवे पर रामबन के खूनी नाला क्षेत्र में हुए टनल हादसे में मारे गए दो मजदूरों को रविवार सुपुर्द-ए-खाक किया गया। अन्य आठ मजदूरों के शव पश्चिम बंगाल, असम और नेपाल के नोडल अफसरों के माध्यम से गृह क्षेत्रों के लिए भेजे गए हैं। जल्द ही शव परिवार सदस्यों को सौंपे जाएंगे। मलबे के ढेर में दबे होने से शवों की पहचान भी मुश्किल हो रही थी।
हादसे के शिकार दस मजदूरों में पांच पश्चिम बंगाल, दो जम्मू-कश्मीर के रामबन, दो नेपाल और एक असम रहने वाला था। वीरवार देर रात मुख्य सुरंग से सटी अतिरिक्त सुरंग में काम के दौरान पहाड़ का बड़ा हिस्सा दरक गया था, जिसके मलबे में दबने से दस मजदूरों की मौत हो गई। हादसे में तीन मजदूर घायल हुए थे, जिन्हें समय रहते रेस्क्यू कर लिया गया। रामबन जिला उपायुक्त मसरत इस्लाम ने बताया कि स्थानीय मजदूर मुजफ्फर शेख (38) और मोहम्मद इशरत (30) के शव परिवार सदस्यों को सौंपे गए। दोनों को पंथियाल गांव में स्थित कब्रिस्तान में सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया। अन्य मृतकों में जाधव रॉय, गौतम रॉय, सुधीर रॉय, दीपक रॉय और परिमल रॉय सभी निवासी पश्चिम बंगाल, नवराज चौधरी और खुशी राम दोनों निवासी नेपाल और शिवा चौहान निवासी असम के शव संबंधित नोडल अधिकारियों से संपर्क कर गृह क्षेत्र भेजे गए हैं।