जम्मू। जम्मू-कश्मीर में इस शिक्षा सत्र से नई शिक्षा नीति लागू की जाएगी। स्नातक स्तर के प्रथम वर्ष में इसे लागू किया जा रहा है। पाठ्यक्रम में भी बदलाव होगा। उच्च शिक्षा विभाग विंटर जोन के कॉलेजों से इसे लागू करने जा रहा है। नई शिक्षा नीति के तहत कॉलेजों में विद्यार्थियों को वैकल्पिक विषय चुनने का अवसर दिया जाएगा। मौजूद शिक्षा सत्र के एक साल में सर्टिफिकेट, दो साल में डिप्लोमा व तीन साल में डिग्री सहित मल्टीपल एंट्री और एग्जिट सिस्टम और चॉइस बेस्ड क्रेडिट सिस्टम (सीसीसीएस) भी लागू होगा। नई शिक्षा नीति के प्रदेश में कार्यान्वयन को लेकर मुख्य सचिव सभी विश्वविद्यालयों के कुलपतियों के साथ सात अप्रैल को बैठक करेंगे, जिसमें इस पर अंतिम मुहर लगेगी।
नई शिक्षा नीति को लागू करने की कार्य योजना तैयार नहीं होने से विंटर जोन के कॉलेजों में दाखिला प्रक्रिया शुरू नहीं हो पाई है। जनवरी महीने में 12वीं कक्षा का परिणाम आया था। तीन महीने बाद भी दाखिला प्रक्रिया शुरू नहीं हो पाई है। अब उच्च शिक्षा विभाग ने सभी कॉलेजों को अलगे सप्ताह से दाखिला शुरू करने की अधिसूचना जारी करने को कहा है। उच्च शिक्षा विभाग के बड़े अधिकारी ने कहा कि मुख्य सचिव के साथ होने वाली बैठक में अंतिम फैसला लिया जाएगा। नई शिक्षा नीति के तहत स्नातक के पाठ्यक्रम में बदलाव हो रहा है। जम्मू-कश्मीर में सभी विश्वविद्यालय इस सत्र से नई शिक्षा नीति को लागू करने जा रहे हैं।