जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के युवाओं का स्किल डिजिटल इंडिया की तरफ जबरदस्त रुझान हो रहा है। आंकड़े बताते हैं कि इस कार्यक्रम के लांच होने के बाद लोगों ने रुचि दिखाई और इसमें महिलाएं भी कम नहीं। खास बात यह है कि लेह जिले की महिलाएं पुरुषों से भी अधिक स्किल इंडिया में रूचि रखती हैं।
अहम बात तो यह है कि पुलवामा, शोपियां, कुलगाम और अनंतनाग जैसे आतंकवाद ग्रस्त जिलों से भी 731 उम्मीदवारों ने स्किल इंडिया डिजिटल पाठ्यक्रमों में दाखिला लिया।
जानकारी के अनुसार अक्तूबर 2023 से लेकर अब तक 3148 लोगों ने स्किल इंडिया डिजिटल पहल के तहत विभिन्न पाठ्यक्रमों के लिए नामांकन किया है। इनमें से 15 प्रतिशत महिलाएं हैं।
3148 लोगों में से 485 महिलाओं ने स्किल इंडिया डिजिटल कार्यक्रम के तहत विभिन्न पाठ्यक्रमों में दाखिला लिया। इनमें लेह जिले में महिला नामांकन दर 60 प्रतिशत के साथ सबसे अधिक है। वहीं कठुआ में 28.39 प्रतिशत और बारामूला में 20.40 प्रतिशत महिलाओं ने नामांकन किया।
इन आंकड़ों से पता चला कि युवा न केवल पारंपरिक पाठ्यक्रम सीखने के लिए नामांकन कर रहे हैं, बल्कि वे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और ब्लॉकचेन जैसी नए जमाने की प्रौद्योगिकियों में भी नामांकन कर रहे हैं। अस्थिर माहौल के बावजूद भी बड़ी संख्या में छात्र खुद को बेहतर बनाने और फिर से कुशल बनाने तथा नौकरी के अवसरों के लिए तैयार होने के लिए डिजिटल शिक्षा को अपना रहे हैं।
विशेष रूप से कठुआ और बारामूला जैसे ग्रामीण जिलों में महिला नामांकन में वृद्धि को शिक्षा में लैंगिक समावेशिता को बढ़ावा देने में बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। कुल नामांकन में महिलाओं की 15.4 प्रतिशत इसका प्रमाण है। लेह जैसे विशिष्ट क्षेत्रों में यह आंकड़ा 60 फीसदी है। पुलवामा, शोपियां, कुलगाम और अनंतनाग जैसे जिलों से भी 731 उम्मीदवारों ने स्किल इंडिया डिजिटल पहल के तहत विभिन्न पाठ्यक्रमों में दाखिला लिया। यह जिले अकसर आतंकवाद ग्रस्त रहते हैं और आए दिन कोई न कोई वारदात होती है।