सिद्दड़ा मुठभेड़ के दूसरे दिन तलाशी अभियान के दौरान सुरक्षाबल
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वो है ट्रक के बाएं हिस्से पर मिटाया गया ट्रक का मूल नंबर। आतंकियों ने इस नंबर को मिटाने से पहले इस पर पीले रंग का पेंट कर दिया था। बाद में इसको किसी वस्तु से रगड़ कर मिटा दिया, लेकिन फिर भी वह कुछ अंकों को नहीं मिटा पाए। धुंधले ही सही, लेकिन दो अंक ऐसे हैं, जो इस मामले की जांच में सबसे अहम भूमिका निभा सकते हैं।
जम्मू के सिद्दड़ा मुठभेड़ के दौरान सुरक्षाबल।
- फोटो : अमर उजाला
दरअसल, ट्रक की बाईं तरफ ट्रक का मूल नंबर लगा हुआ था। नंबर की पहली वाली सीरीज के अंत में एम लिखा हुआ है, जबकि इसके पहले एक और अंक पढ़ा जा रहा है। जो या तो 3 है या फिर 7। बता दें कि पंजाब में वाहनों के पंजीकरण वाली सीरीज में 03 बठिंडा जिले का कोड है, जबकि 07 होशियारपुर जिले का कोड है।
जम्मू के सिद्दड़ा मुठभेड़ के दौरान सुरक्षाबल।
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जम्मू कश्मीर में 03 नंबर कश्मीर के अनंतनाग जिले का कोड है, जबकि 07 कोड कारगिल जिले का है। यह ट्रक जम्मू में इस्तेमाल हुआ और इस पर पंजाबी लिखी हुई है। तो ऐसे में यह साफ है कि यह ट्रक या तो जम्मू कश्मीर का है या फिर पंजाब का। ट्रक की पिछली तरफ पंजाबी में नजारा 25 टन दा भी लिखा हुआ है, जिसका मतलब यह है कि उक्त ट्रक की भार उठाने की क्षमता 25 टन की थी। यह ट्रक 12 टायरों वाला था।
जम्मू के सिद्दड़ा मुठभेड़ के दौरान सुरक्षाबल।
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ट्रक का चालक अब भी फरार
इस मामले की जांच फरार हुए ट्रक चालक पर भी टिकी हुई है। आतंकी कब ट्रक में बैठे, किस दिन बैठे, कहां से बैठे, कहां के रहने वाले थे... यह सब राज ट्रक से फरार हुए चालक से ही पुलिस को पता चलेगा। जो फिलहाल अभी पुलिस की गिरफ्त में नहीं आया है। उसका पता लगाने के लिए पुलिस कई जगहों के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। पुलिस ने सिद्दड़ा पुलिस नाके से लेकर नगरोटा टीसीपी तक कई जगहों की फुटेज ली है।
जम्मू के सिद्दड़ा मुठभेड़ के दौरान सुरक्षाबल।
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