समरोली इलाके में निर्माण कार्य के दौरान चट्टान खिसकने से राजमार्ग पर पस्सी के साथ पत्थर गिर गए। इस दौरान मौके पर खड़ी एक जेसीबी भी पस्सी की चपेट में आ गई। हालांकि, इस हादसे में किसी को कोई चोट तो नहीं आई, लेकिन राजमार्ग बंद हो गया। इसके बाद दोनों तरफ के वाहनों की आवाजाही पूरी तरह रुक गई।
शहर से करीब 15 किमी आगे समरोली इलाके में बुधवार को निर्माण कार्य के चलते चट्टान खिसकने से जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग तीन घंटे तक बंद रहा। इसके कारण हाईवे पर वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं। मार्ग में फंसे यात्रियों को भीषण गर्मी में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
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जानकारी के अनुसार बुधवार दोपहर सवा 12 बजे समरोली इलाके में निर्माण कार्य के दौरान चट्टान खिसकने से राजमार्ग पर पस्सी के साथ पत्थर गिर गए। इस दौरान मौके पर खड़ी एक जेसीबी भी पस्सी की चपेट में आ गई। हालांकि, इस हादसे में किसी को कोई चोट तो नहीं आई, लेकिन राजमार्ग बंद हो गया। इसके बाद दोनों तरफ के वाहनों की आवाजाही पूरी तरह रुक गई।
वहीं, घटना का पता चलते ही उधमपुर के जखैनी चौक पर पुलिस ने जम्मू से आने वाले वाहनों को एहतियात के तौर पर रोक दिया। इससे हाईवे पर छोटी-बड़ी गाड़ियों की लंबी कतार लग गई। राजमार्ग निर्माण का काम देख रही एजेंसियों ने फौरन पस्सी हटाने का काम शुरू किया। लेकिन, पस्सी के साथ गिरे बडे़ पत्थरों को हटाने में करीब तीन घंटे का समय लग गया।
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इस बीच राजमार्ग पर फंसे यात्री भीषण गर्मी के कारण परेशान होते रहे। उनका कहना था कि साफ मौसम में हाईवे पर पस्सियां गिर रही हैं। इस हिसाब से बरसात होने पर हालत काफी खराब हो सकते हैं। अभी अमरनाथ यात्रा के साथ कई अन्य यात्राएं भी शुरू हो रही हैं, जो इसी हाईवे से गुजरेंगी।
इसलिए, सरकार व प्रशासन को हाईवे पर पस्सियां गिरने जैसी स्थितियों से निपटने के लिए कुशल तैयारी करने की जरूरत है।करीब तीन घंटे की मशक्कत करने के बाद दोपहर लगभग तीन बजे राजमार्ग खुल गया।
राजमार्ग खुलने पर पुलिस ने सबसे पहले बीच में फंसे वाहनों को जम्मू और घाटी की तरफ रवाना किया। हालांकि, राजमार्ग खुलने के बाद कुछ समय के लिए जाम की स्थित बनी रही। लेकिन, पुलिस ने समय रहते स्थिति को संभाल लिया। फिर सुचारु रूप से यातायात चलने लगा।