युवा वकील एसोसिएशन के प्रधान नितिन बख्शी ने कोर्ट में जानकारी दी कि शहर में कई जगह पुलिस हिंसा पर उतर आई है। लोगों से पुलिसकर्मी बदसलूकी कर रहे हैं। इसका वीडियो भी बनाकर भेजा गया है। बख्शी ने यह वीडियो हाईकोर्ट के रजिस्ट्रार को ई-मेल के जरिए भेजा।
इस पर कोर्ट ने कहा कि अभी इस पर जांच का वक्त नहीं है। हालांकि, आईजी से इसकी रिपोर्ट मांगी है। साथ ही पुलिस को ऐसा न करने के निर्देश दिए गए। इसी तरह एडवोकेट फैजल कादरी ने कोर्ट में बताया कि श्रीनगर के दो अस्पतालों में कोरोना के मरीज डॉक्टरों से बदसलूकी कर रहे हैं। मरीजों ने स्वास्थ्य ढांचे को भी नुकसान पहुंचाया है। खंडपीठ ने मामले में स्वास्थ्य विभाग, पुलिस और अन्य को ध्यान देने के लिए कहा है।
एडवोकेट मोनिका कोहली ने कोर्ट में वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए बताया कि श्री माता वैष्णो देवी के द्वार पर बिहार के 400 श्रद्धालु फंसे हुए हैं। इनके पास अपने घर पहुंचने का साधन नहीं है। सभी लॉकडाउन के कारण फंस गए थे। अब इनको वहां से जाने के लिए कहा जा रहा है। हाईकोर्ट ने श्राइन बोर्ड के सीईओ से कहा है कि इनको वहां से न निकाला जाए। इनको हर जरूरी वस्तु मुहैया कराई जाए।
देश-विदेश में मौजूद लोगों का भी रखें ख्याल
हाईकोर्ट के पास कई ई-मेल पहुंची हैं। इसके जरिए विदेश में रहने वाले जम्मू-कश्मीर के लोगों ने कहा है कि उन्हें वहां पर दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इस पर हाईकोर्ट ने विदेश मंत्रालय को मामले में हस्तक्षेप कर इनकी मदद करने को कहा।