जम्मू श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर रामबन जिला मुख्यालय से 44 किलोमीटर दूर बनिहाल में सीआरपीएफ काफिले पर पुलवामा जैसे फिदायीन हमले की जांच में एनआईए समेत तमाम टीमें जुटी हुई हैं। एनआईए ने रविवार को भी मौके से कुछ सबूत जुटाए हैं। हालांकि अब तक पुलिस व सुरक्षा एजेंसियों को काफिले के पास सेंट्रो कार को धमाके के साथ उड़ाने वाले चालक का कोई पता नहीं चला है।
इसबीच रविवार को राज्यपाल के सलाहकार के विजय कुमार ने आईजीपी जम्मू एमके सिन्हा के साथ घटना स्थल पर पहुंच कर के मौके का जायजा लिया। इसके बाद उच्च स्तरीय बैठक भी की। बैठक में पुलिस टीम के साथ सुरक्षा एजेंसी, सेना पुलिस के अधिकारी शामिल थे।
मीडिया के किसी सवाल का नहीं दिया जवाब
बैठक के बाद मीडिया ने राज्यपाल के सलाहकार के विजय कुमार और आईजीपी जम्मू एमके सिन्हा ने बनिहाल से बात करने का प्रयास किया। दोनों से इसमें किस आंतकी संगठन के शामिल होने की बात पूछी गई। साथ ही संदिग्ध कार चालक को लेकर भी सवाल किए गए, लेकिन उन्होंने इस मामले की संवेदनशील होने की बात कहते हुए कुछ भी बताने से इंकार कर दिया। वहीं एनआईए टीम की टीम ने रविवार को भी घटना स्थल पर डेरा डाले रखा। एनआईए की टीम घटना स्थल व आस-पास से सबूत इक्कठ्ठा करने में जुटी हुई है। रविवार को भी इलाके में पुलिस और एजेंसी की मौजूदगी रही। पूरे क्षेत्र में कड़ी सुरक्षा तैनात की गई है।
बता दें कि शनिवार की सुबह साढ़े दस बजे बनिहाल से सीआरपीएफ के वाहनों का काफिला गुजर रहा था। इसी दौरान कुछ दूर खड़ी एक सेंट्रो कार में जोरदार धमाका हुआ और कार के परखच्चे उड़ गए। वहीं गनीमत रही कि काफिला कुछ आगे निकल गया था, इससे केवल पीछे वाली बस के कांच टूटे। लेकिन कुछ समय के लिए जवानों को लगा कि उनके ऊपर पुलवामा जैसा ही हमला हुआ है। इसके बाद जम्मू श्रीनगर राष्ट्रीय पर कुछ देर तक यातायात को रोक दिया गया था। साथ ही सुरक्षा बलों और पुलिस ने तलाशी अभियान शुरू कर दिया था। हमले के बाद संदिग्ध कार चालक मौके से फरार हो गया था। जिसके बारे में 24 घंटे के बाद भी सुरक्षा एजेंसी और पुलिस उस तक नहीं पहुंच पाई हैं।