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जम्मू-कश्मीर: घर लौटेंगे 10 हजार लोग, तैयारियां पूरी, प्रशासन को सरकार के आदेश का इंतजार

Wed, 15 Apr 2020 01:45 PM IST
प्राची प्रियम संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
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सांकेतिक तस्वीर
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पंजाब और अन्य राज्यों में फंसे जम्मू-कश्मीर के करीब 10 हजार लोगों के घर लौटने की उम्मीद है। लॉकडाउन की अवधि बढ़ने के साथ ही जम्मू-कश्मीर प्रशासन इन्हें वापस लाने के इंतजाम कर रहा है।  इन लोगों को लखनपुर से आने की अनुमति होगी, जिसके लिए उन्हें रावी दरिया पार करते ही लखनपुर टोल प्लाजा के पास स्थापित सैनिटाइजिंग टनल से गुजरना होगा। 

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हालांकि, अभी जम्मू-कश्मीर प्रशासन को सरकार के आदेश का इंतजार है। वहीं सूत्रों के मुताबिक प्रवासियों को प्रदेश में प्रवेश करने के लिए अभी 20 अप्रैल तक इंतजार करना पड़ सकता है। दूसरी ओर प्रशासन ने विभिन्न जिलों के लोगों की सूची तैयार कर उन्हें अपने-अपने जिले में भेजने के लिए 13 टर्मिनल स्थापित किए हैं। 

सैनिटाइजिंग टनल पार करने के तुरंत बाद अपने-अपने जिले के लिए निर्धारित टर्मिनल पर इन लोगों को पैदल आगे भेज दिया जाएगा। यहां स्वास्थ्य विभाग की 13 टीमें तैनात की गई हैं, जो जांच के बाद टर्मिनल पर इन लोगों की सूची भी तैयार करेंगी। 
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जानकारी के अनुसार जम्मू और कठुआ को छोड़कर अन्य सभी जिलों के लोगों को उनके गृह जिलों में भेज दिया जाएगा। जहां उन्हें क्वारंटीन किया जाएगा, लेकिन इस पूरी प्रक्रिया से पहले इन्हें कठुआ में ही कुछ घंटे गुजारने होंगे। ऐसे में कठुआ प्रशासन भी तैयारियों के बाद ही इन्हें प्रदेश में लेने की तैयारी में है। 

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डीसी ओम प्रकाश भगत ने बताया कि दो दिन पहले डीसी पठानकोट से बात की गई थी। उन्होंने 1221 लोगों की सूची बताई है। पंजाब के अन्य जिलों में भी कई लोग फंसे हैं। सरकार की ओर से अभी निर्देश नहीं मिले हैं, लेकिन तब तक कठुआ प्रशासन तैयारियों में जुटा है। 

पठानकोट प्रशासन तो क्वारंटीन किए लोगों को भेज रहा है, लेकिन प्रदेश में किसी भी तरह से कोताही नहीं बरती जा सकती। यदि लोग जम्मू-कश्मीर में दाखिल होते हैं तो उन्हें अपने-अपने संबंधित जिलों में क्वारंटीन अवधि बितानी होगी। 

कठुआ, उधमपुर, सांबा और जम्मू के लोगों को कठुआ में क्वारंटीन किया जा सकता है। डीसी ने कहा कि हालांकि सरकार अभी सोच-समझकर फैसला लेगी। इन लोगों को 20 तारीख के बाद ही प्रदेश में लाया जा सकता है।
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