पाकिस्तानी ड्रोन से गिराए गए हथियार मामले में पकड़े गए दोनों आरोपियों को पुलिस ने सोमवार को मुंसिफ कोर्ट में पेश कर 11 दिन के रिमांड पर लिया है। पुलिस ने उनसे पूछताछ शुरू कर दी है। संयुक्त पूछताछ भी की जाएगी, जिसमें पूरी साजिश से पर्दा उठने की उम्मीद है।
प्रारंभिक जांच में आरोपियों ने पुलिस को बताया है कि उन्होंने हथियार सीमावर्ती गांव सुचेतगढ़ से बताए गए स्थान से उठाने के बाद किसी ठिकाने पर पहुंचाने थे। वे यूरोप व पाकिस्तान में बैठे हैंडलरों के संपर्क में थे। थाना प्रभारी आरएस पुरा पवन डोगरा का कहना है कि पुलिस द्वारा 11 दिन की रिमांड लेने पर दोनों आरोपियों से पूछताछ कर पता आतंकी संगठन और उनके नेटवर्क की जानकारी जुटाई जा रही है।
इन दोनों आरोपियों को रिमांड पर लिए जाने के उपरांत सुरक्षा एजेंसियों के अधिकारी संयुक्त रूप से इनसे पूछताछ करेंगे। वहीं जम्मू-कश्मीर पुलिस इन दोनों आरोपियों के टेरर फंडिंग मामले के बारे में संबंध होने के बारे में भी जांच कर रही है।
कार की डिक्की में रखे थे हथियार, वाहन किया जब्त
पाकिस्तानी ड्रोन से सुचेतगढ़ में सरकंडों की झाड़ियों में गिराई गई हथियारों की खेप को पुलिस ने कार की डिक्की से बरामद किया था। पुलिस सूत्रों ने बताया कि हथियारों का पैकेट कार की डिक्की में था। हालांकि पुलिस आधिकारिक रूप से इसकी पुष्टि नहीं कर रही है। शुरुआती पूछताछ के बावजूद चंदर बोस निवासी डोडा व शमशेर सिंह निवासी गोल गुजराल से पुलिस अभी तक पता नहीं लगा पाई कि ड्रोन से फेंके गए हथियारों की खेप किसे भेजनी थी।