फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जम्मू-कश्मीर: एससी-एसटी के लिए लोकसभा सीट आरक्षित करने संबंधी याचिका खारिज

Sat, 09 Oct 2021 02:42 PM IST
प्रशांत कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू

सार

अदालत ने कहा, जब मामला परिसीमन आयोग के पास हो तो इस अदालत के लिए मामले में हस्ताक्षेप करना उचित नहीं होगा। आप अपनी बात से आयोग को अवगत कराएं। इसके साथ ही कोर्ट ने याचिका खारिज कर दी।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

जम्मू-कश्मीर व लद्दाख हाईकोर्ट ने शुक्रवार को  प्रदेश में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति श्रेणियों के लिए एक-एक संसदीय सीट के आरक्षण के लिए निर्देश देने की मांग करने वाली याचिका को खारिज कर दिया। यह याचिका एकीकृत जम्मू-कश्मीर में वर्ष 2008 में दाखिल की गई थी।

विज्ञापन


न्यायमूर्ति संजीव कुमार की पीठ ने कहा, मेरा विचार है कि यह न्यायालय प्रतिवादियों (संबंधित अधिकारियों) को अनुसूचित जाति या अनुसूचित जनजाति श्रेणियों के लिए एक विशेष संसदीय क्षेत्र को आरक्षित करने के लिए निर्देश जारी नहीं कर सकता है। अदालत ने कहा सक्षम प्राधिकारी द्वारा परिसीमन अधिनियम, 2002 के तहत गठित परिसीमन आयोग द्वारा की गई सिफारिशों के आधार पर लिया जाना आवश्यक है।

अदालत के संज्ञान में लाया गया कि कानून और देश के न्याय मंत्रालय ने  लोक सभा में सीटों के आवंटन के लिए एक परिसीमन आयोग का गठन किया है। जम्मू-कश्मीर के लिए गठित परिसीमन आयोग को अपनी कवायद पूरी करने और अपनी रिपोर्ट सौंपने के लिए एक साल का समय दिया गया था. हालांकि 3 मार्च 2021 को परिसीमन आयोग की अवधि एक साल से बढ़ाकर दो साल कर दी गई है।
विज्ञापन


अदालत ने कहा, जब मामला परिसीमन आयोग के पास हो तो इस अदालत के लिए मामले में हस्ताक्षेप करना उचित नहीं होगा। आप अपनी बात से आयोग को अवगत कराएं। इसके साथ ही कोर्ट ने याचिका खारिज कर दी।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें