जम्मू कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती की नजरबंदी तीन महीने के लिए बढ़ा दी गई है। पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती पिछले साल अगस्त से पीएसए के तहत हिरासत में ही हैं।
महबूबा मुफ्ती के अलावा नेकां महासचिव अली मोहम्मद सागर तथा पीडीपी नेता सरताज मदनी पर लगाया गया पीएसए तीन महीने के लिए बढ़ा दिया गया है। जिला प्रशासन की ओर से पीएसए खत्म होने के कुछ घंटे पहले महबूबा को उनके घर पर पीएसए बढ़ाए जाने का आदेश सौंपा गया।
पूर्व मुख्यमंत्री तथा नेकां उपाध्यक्ष उमर अब्दुल्ला ने पीएसए की अवधि बढ़ाए जाने को निर्दयी फैसला बताया है। उन्होंने न तो कुछ किया और न ही कुछ कहा, जिससे केंद्र के इस फैसले को सही ठहराया जा सके।
अनुच्छेद 370 हटाने के बाद महबूबा को हिरासत में लिया गया था। बाद में पांच फरवरी 2020 को उन पर पीएसए लगा दिया गया। इसी दिन उमर अब्दुल्ला पर भी पीएसए लगाया गया था, लेकिन मार्च में उन्हें रिहा कर दिया गया।