मध्य कश्मीर के गांदरबल जिले के कंगन में पुलिस कार्रवाई में मारे गए युवक गौहर अहमद राथर के घर पहुंचकर मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने सांत्वना जताई। उन्होंने परिवार को इंसाफ दिलाने का आश्वासन देते हुए कहा कि अत्यधिक बल का इस्तेमाल किया गया था।
मुख्यमंत्री के वहां से जाते ही स्थानीय लोगों ने जमकर प्रदर्शन किया। मुख्यमंत्री वीरवार सुबह करीब नौ बजे कंगन पहुंची। उन्होंने गौहर के घर पर आधे घंटे बिताकर परिवार के प्रति सहानुभूति प्रकट की। पत्रकारों से बात करते हुए महबूबा ने कहा कि घटना की शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि अत्यधिक बल का इस्तेमाल किया गया है।
जिसने भी यह गलती की है, यह गुनाह किया है उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उसे सख्त से सख्त सजा दी जाएगी। मुख्यमंत्री जैसे ही वहां से लौटी तो स्थानीय लोग जिनमें गौहर के परिवार वाले भी शामिल थे, ने जमकर प्रदर्शन किया। उन्होंने आजादी के हक में और सरकार विरोधी नारेबाजी की।
गौहर के पिता ने बताया कि उन्हें कुछ उम्मीदें थीं। उन्होंने मुख्यमंत्री से तीन सवाल किए जिनका कोई जवाब नहीं दिया। इससे लगता है कि वह केवल दिखावे के लिए पहुंचीं थीं। मुख्यमंत्री के साथ एमएलसी यासिर रेशी, मंडलायुक्त कश्मीर बसीर अहमद खान, आईजीपी कश्मीर जोन एसपी पाणि, उपायुक्त गांदरबल पीयूष सिंगला, एसएसपी फैयाज अहमद लोन थे। जिला प्रशासन ने पहले से इस घटना में मजिस्ट्रेट जांच के निर्देश जारी किए हैं।
इसके अलावा पुलिस ने भी मामले में एफआईआर दर्ज कर विभागीय जांच के निर्देश दिए हैं। शुरूआती जांच में कांस्टेबल गुलजार अहमद की संलिप्तता पाए जाने पर फौरी तौर पर जांच पूरी होने तक निलंबित भी किया गया है।