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J&K: 'चुनकर एक ही धार्मिक संस्थान को बनाया जा रहा निशाना; आतंकवाद को के साथ मिलकर हराया जा सकता है', सीएम उमर

Tue, 25 Mar 2025 11:34 AM IST
निकिता गुप्ता अमर उजाला, नेटवर्क जम्मू

सार

मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने वक्फ संशोधन बिल पर एक ही धार्मिक संस्थान को निशाना बनाने पर चिंता जताई, जबकि सुनील शर्मा ने जलशक्ति विभाग के कर्मचारियों की हड़ताल के कारण पानी संकट पर सरकार से तत्काल समाधान की मांग की।
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सीएम उमर अब्दुल्ला - फोटो : ANI
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जम्मू-कश्मीर के लोगों के साथ मिलकर ही आतंकवाद को हराया जा सकता हैजम्मू। वक्फ संशोधन बिल पर मीडिया से बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इस मुद्दे पर चिंताएं स्पष्ट हैं। उन्होंने कहा, एक ही धर्म के संस्थान को निशाना बनाया जा रहा है, जबकि हर धर्म के अपने-अपने धार्मिक संस्थान हैं। मुस्लिम समुदाय द्वारा धर्मार्थ कार्य वक्फ के माध्यम से किए जाते हैं। ऐसे में किसी एक धार्मिक संस्थान को चुनकर निशाना बनाना उचित नहीं है।

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कठुआ के हीरानगर में आतंकियों के देखे जाने के बारे में पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा, पहले भी इस तरह की घटनाएं हुई हैं। अगर वहां आतंकी देखे गए हैं, तो संभावना है कि वे सीमा पार से आए होंगे। जम्मू संभाग के जिलों को लक्षित किया जा रहा है। पुंछ-राजोरी में भी ऐसी गतिविधियां हुई हैं। हालांकि, यह सीधे तौर पर हमारी जिम्मेदारी नहीं है, लेकिन एक चुनी हुई सरकार होने के नाते हम प्रयास कर रहे हैं कि जम्मू-कश्मीर में शांति बनी रहे। उन्होंने जोर देकर कहा, जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद को बिना लोगों का साथ लिए हराया नहीं जा सकता।

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भाजपा विधायक व नेता प्रतिपक्ष सुनील शर्मा ने जलशक्ति विभाग के दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों की हड़ताल का मुद्दा विधानसभा में उठाया। प्रश्नकाल शुरू होने से पहले उन्होंने कहा, कर्मचारियों की हड़ताल के कारण जम्मू और कश्मीर संभाग में पानी की आपूर्ति बाधित हो रही है।

लोगों की परेशानी को देखते हुए सरकार को तुरंत कर्मचारियों से बातचीत करके समस्या का समाधान निकालना चाहिए।उन्होंने आगे कहा, सरकार ने इस मामले में एक समिति बनाई थी, लेकिन उसकी रिपोर्ट आने में छह महीने लग गए। इससे पहले ही सरकार को कर्मचारियों से संवाद करके उनकी मांगों पर विचार करना चाहिए, ताकि जनता को राहत मिल सके।
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