हर साल करोड़ों की राशि खर्च करने के बाद भी सरकारी स्कूलों में बोर्ड के परीक्षा परिणाम में सुधार नहीं हो रहा है। कुछ ऐसा ही जम्मू संभाग के विंटर सेशन स्कूलों में दसवीं के परीक्षा परिणाम में सामने आया है, जहां सरकारी स्कूलों के परीक्षा परिणाम ने निराश किया है।
अब इसको गंभीरता से लेते हुए शिक्षा निदेशक जम्मू ने कम परीक्षा परिणाम को लेकर स्कूलों के शिक्षकों पर कार्रवाई के आदेश जारी कर दिए हैं। करीब सप्ताह पहले विंटर सेशन के परीक्षा परिणाम में सरकारी स्कूल से केवल तीन विद्यार्थी ही पोजीशन हासिल कर पाए।
इसके अलावा कई स्कूलों का परीक्षा परिणाम तीन प्रतिशत से भी कम रहा है। शिक्षा विभाग ने इसको गंभीरता से लिया है। सभी जिलों के सीईओ को निर्देश दिए हैं कि जिन स्कूलों में स्टाफ कम है, वहां स्टाफ की कमी को दूर किया जाए। जिन स्कूलों का परीक्षा परिणाम 20 प्रतिशत से कम हैं, वहां पर सीईओ और जेडईओ औचक निरीक्षण करके हालात का जायजा लेंगे।
प्रिंसिपल और हेडमास्टर भी दायरे में
शिक्षा निदेशक जम्मू स्मिता सेठी ने आदेश जारी किया है कि दसवीं कक्षा में जिस विषय का परीक्षा परिणाम 50 प्रतिशत होगा, उस विषय के शिक्षक को कारण बताओ नोटिस जारी किया जाएगा।
अगर शिक्षक की तरफ से उचित जवाब नहीं मिलता तो इंक्रीमेंट रोकी जाएगी। जिस सरकारी स्कूल का परीक्षा परिणाम 20 प्रतिशत से कम होगा, उसके हेडमास्टर और प्रिंसिपल की इंक्रीमेंट रोकी जाएगी।