खूंखार आतंकी समीर टाइगर पुलवामा जिले के द्रबगाम इलाके का ही रहने वाला था। सूत्रों की मानें तो वो यहां अपने मां से मिलने आया था। लेकिन इसबात की भनक सुरक्षा एजेंसियों को लग गई जिसके बाद सुरक्षाबलों ने आधी रात को पूरे इलाके को घेर कर तलाशी अभियान शुरू कर दी।
आतंकियों पर निगरानी और उनकी सटीक लोकेशन की जानकारी के लिए चॉपर और ड्रोन का भी इस्तेमाल किया गया। बता दें कि स्थानीय समर्थन प्राप्त होने के कारण खूंखार दहशतगर्द समीर ज्यादातर दक्षिणी कश्मीर के इलाकों में ही सक्त्रिस्य रहता था।
वो कई बार सुरक्षा एजेंसियों के बनाए जाल में फंस चुका था लेकिन अपनी चालाकी के कारण वो हर बार सुरक्षाबलों को चकमा देकर फरार होने में कामयाब हो जाता था।
वसीम टाइगर को सलामी देने आया था द्रबगाम
आतंकी समीर टाइगर अपने जिगरी दोस्त और हिजबुल आतंकी वसीम टाइगर के नवंबर 2017 में मारे जाने के बाद उसे बंदूक से सलामी देने द्रबगाम आया था। जहां उसने उसने वसीम को सलामी देते हुए करीब 10 राउंड हवाई फायरिंग की और उसके बाद भाग गया।