हाईकोर्ट ने जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला की पत्नी पायल अब्दुल्ला को यह स्पष्ट कर दिया है कि उन्हें सरकारी आवास खाली करना ही होगा।
अदालत ने उन्हें सुझाव दिया कि वे किसी भी प्रकार के विवाद में पड़ने की अपेक्षा शिष्टाचार पूर्वक सरकारी बंगला खाली कर दें। फिलहाल अदालत ने इस मुद्दे पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है। ट्रायल कोर्ट भी पायल के आवेदन को खारिज चुका है।
न्यायमूर्ति इंद्रमीत कौर ने मामले की सुनवाई के दौरान पायल के वकील से पूछा कि वे बताएं की कितने समय में वह आवास खाली कर देंगी। आप को आवास खाली करने के लिए समय चाहिए तो कुछ समय दिया जा सकता है। पायल के अधिवक्ता ने कोई संतोषजनक उत्तर नहीं दिया। आखिर अदालत ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया। अदालत ने कहा कि वे इस मामले में विस्तृत निर्णय देंगे।