मूसलाधार बारिश ने वीरवार को एक तरफ जिले के पहाड़ी इलाकों में एक बार फिर से कहर बरपाया है। दूसरी तरफ शहर व आसपास के इलाकों में रुक -रुक बारिश होने से पारा लुढ़क गया तथा लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिली।
नौशेरा में मूसलाधार बारिश से मनावर नदी व जमीर नाले में जलस्तर बढ़ गया। जबकि मेंढर में भी बारिश से नालों में जलस्तर बढ़ा है और लैंडलाइन सेवा प्रभावित रही।
जानकारी के अनुसार जिले की कोटरंका सब डिवीजन के कंथोल क्षेत्र में मूसलाधार बारिश से किसान मनवर हुसैन की पशुशाला ढह जाने से पशुशाला में मौजूद चार भैसें व एक गाय मलबे के नीचे दब गए।
स्थानीय लोगों ने पुलिस की मदद से मलबा हटाने के बाद पांच पशुओं को मृत पाया। वहीं क्षेत्र के सरंपच मनीर मिर्जा ने जिला प्रशासन से मदद की गुहार लगाते हुए कहा कि पीडि़त किसान का एक मात्र सहारा उसके पशु ही थे।
पशुओं का दूध बेच कर वह अपने बच्चों की पढ़ाई व पालन पोषण किया करता था। उनकी मौत से किसान अब सड़क पर आ गया है और प्रशासन को चाहिए कि वह तुरंत उसकी मदद करे व मुआवजा प्रदान करे। उधर तेज बारिश के चलते राजौरी -बुद्धल सड़क स्थित कंडी क्षेत्र में पस्सी गिरने से करीब एक घंटे तक यातायात ठप रही।
एक घंटे बाद ग्रेफ ने जेसीबी मशीनें लगा कर मलबा हटाया व वाहनों की आवाजाही को बहाल किया। वहीं, तेज बारिश से जिले के पहाड़ी इलाकों में ठिठुरन बढ़ने के भी समाचार मिल रहे हैं। उधर शहर व आस पास के क्षेत्रों में भी रुक- रुक दिन भर बारिश होती रही।
हालांकि हलकी और रुक- रुक कर हो रही बारिश से कहीं कोई नुकसान नहीं है। लेकिन शहर वासियों को उमस भरी गर्मी से राहत मिली है।
पारा लुढ़कने से लोगों को उमस भरी गर्मी से निजात मिली है। मौसम विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार शहर का अधिकतम तापमान करीब 27 डिग्री और न्यूनतम तापमान करीब 18 डिग्री सेल्सियस मापा गया।