अंतिम पांचवें चरण के मतदान में जम्मू पूर्व के कई मतदान केंद्रों पर दोपहर को बिजली गुल रहने से मतदाताओं के साथ पोलिंग स्टाफ को भारी दिक्कतें झेलनी पड़ीं। इस दौरान करीब एक घंटे मोमबत्तियों के सहारे मतदान कराया गया।
मौसम खराब रहने के कारण कम रोशनी में मतदान के दौरान कई परेशानियां आईं। इसमें जहां मतदाताओं को अपने प्रत्याशी का चिह्न देखने में मुसीबत झेलनी पड़ी, वहीं पोलिंग स्टाफ को भी मतदाताओं की सूची को सुनिश्चित बनाने में परेशानी हुई।
जम्मू पूर्व में हायर सेकेंडरी स्कूल जुल्लाका मोहल्ला में पोलिंग बूथ 12, 13, 14, 15 स्थापित किए गए थे। जहां दोपहर करीब दो बजे मतदाताओं की लंबी कतारें लगी थीं, लेकिन अचानक बिजली गुल हो जाने से मतदान केंद्रों पर अंधेरा छा गया।
मौसम की खराबी से कम रोशनी होने के कारण मोमबत्तियां जलाकर मतदान कराया गया, लेकिन कमरों के भीतर अंधेरा इतना था कि पोलिंग स्टाफ को सूचियों में मतदाताओं की शिनाख्त करने में काफी समय लग रहा था। वहीं मतदाता भी ईवीएम तक जाकर थोड़ी देर रुक कर यह सुनिश्चित कर रहे थे कि जिस जगह बटन दबा रहे हैं, वह सही है या नहीं।
यहां ईवीएम अफसर एस भान ने बताया कि बिजली बंद होने पर विभागीय अधिकारियों को सूचित करके वैकल्पिक इंतजाम किए गए। इस बीच करीब एक घंटे बाद बिजली सप्लाई बहाल हो सकी। इसी तरह पोलिंग स्टेशन नंबर 11 पक्की ढक्की में भी बिजली सप्लाई बंद रहने से मतदाताओं को काफी परेशानी झेलनी पड़ी।
यहां मतदान केंद्र कमरों के भीतर बनाए गए थे, जिससे बिजली बंद होने पर कुछ देर अंधेरा छाया रहा और बाद में मोमबत्तियां जलाकर मतदान कराया गया। यहां मतदान के लिए पहुंचे राजेश गुप्ता ने कहा कि चुनाव के दिन बिजली सप्लाई बहाल रखनी चाहिए थी। इससे मतदाताओं को परेशानी झेलनी पड़ी है। इसी तरह जम्मू पूर्व के अन्य मतदान केंद्रों पर भी बिजली कटौती की समस्या रही।