शिक्षा मंत्री नईम अख्तार ने कहा कि सर्वशिक्षा अभियान और रमसा के तहत सरकार शिक्षा ढांचे को मजबूत करने का प्रयास करेगी। विधानसभा में विधायक असगर अली द्वारा उठाए गए सवाल पर मंत्री ने कहा कि वित्तीय वर्ष 2014-15 में एसएसए के तहत 57616.66 लाख रुपये जारी किए गए, जबकि रमसा के तहत 6858.48 लाख रुपये दिए गए। 528 स्कूलों की इमारत को अपग्रेडेशन करने का काम चल रहा है और उसमें से 118 का काम पूरा हो चुका है।
इसके अलावा 306 स्कूलों में मरम्मत कार्य शुरू किया गया था, जिसमें से 43 का काम पूरा हो चुका है। अपग्रेडेशन के दौरान कारगिल में 12 स्कूलों की इमारतों का काम शुरू किया गया था, जिसमें से सात का काम पूरा हो चुका है। शिक्षा मंत्री नईम अख्तर ने नेकां सदस्य कैसर जमशेद लोन के सवाल के जवाब में विधान परिषद में प्रश्नकाल के दौरान कहा कि हर कालेज में साइंस विषय हो, इसके लिए सरकार जरूरी कदम उठाएगी।
पीएमएसएसएस के तहत 8745 विद्यार्थियों को स्कालरशिप
शिक्षा मंत्री नईम अख्तर ने विधान परिषद में नेकां सदस्य कैसर जमशेद लोन के ध्यान आकर्षण प्रस्ताव के जवाब में कहा कि प्रधानमंत्री विशेष छात्रवृति योजना के तहत रियासत के 8745 विद्यार्थियों को लाभ मिला है। उन्होंने कहा कि साल 2011-12 में रियासत के केवल 38 विद्यार्थियों को ही स्कालरशिप का लाभ मिला था। उन्होंने कहा कि योजना के तहत देश के विभिन्न व्यवसायिक कालेजों में दाखिला लिये हुए कश्मीरी विद्यार्थियों को पेश आ रही समस्याओं को केंद्र सरकार खासतौर से मानव संसाधन मंत्री स्मृति ईरानी के ध्यान में लाया गया है।
पीएम स्कालरशिप स्कीम को देंगे प्रोत्साहन
सीएपीडी मंत्री चौधरी जुल्फीकार अली ने सदन में कहा कि रियासत के विद्यार्थी प्रधानमंत्री स्पेशल स्कालरशिप स्कीम के तहत अन्य राज्यों में प्रोफेशनल और जनरल डिग्री कोर्स कर रहे हैं। यह स्कीम जारी है और केंद्र ने इस पर कोई रोक नहीं लगाई है। 2011-12 में मानव संसाधन विकास मंत्रालय द्वारा शुरू की गई स्कीम में मात्र 38 विद्यार्थी इसका लाभ उठा सके।
रियासती सरकार इस स्कीम का प्रचार प्रसार कर रही है, ताकि कम से कम 5000 विद्यार्थियों को इस स्कीम का लाभ पहुंचाया जा सके। उन्होंने कहा कि कश्मीर के विद्यार्थियों को कुछ एनजीओ स्कीम के तहत दाखिल दिलवाने का वादा कर रहे हैं, जो गलत है। यह मामला मंत्रालय के समक्ष भी आया है। इस मुद्दे को आपराधिक जांच विभाग और आईजीपी (क्राइम ब्रांच) को आग्रह किया गया है कि ऐसे गलत एनजीओ के खिलाफ केस दर्ज किया जाए।