सितंबर 2014 की बाढ़ में तबाह बुनियादी ढांचे के पुनर्निर्माण के लिए प्रतिबद्धता दोहराते हुए राज्य सरकार ने सोमवार को कहा कि यह सुनिश्चित करने के लिए सभी प्रयासों को तेज किया जाएगा कि इस तरह की तबाही भविष्य में नहीं हो।
श्रीनगर में मंत्रिमंडल की बैठक की अध्यक्षता करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रभावितों के पुनर्वास का काम जारी है। हालांकि अभी भी पुनर्वास और पुनर्निर्माण प्रक्रिया में कमी रह गई है।
शिक्षा मंत्री नईम अख्तर के अनुसार मुख्यमंत्री ने राज्य मंत्रिमंडल के सहयोगियों से कहा कि बाढ़ से तबाह बुनियादी ढांचे के पुनर्निर्माण के लिए कदम उठाए गए हैं। सड़क, संचार नेटवर्क, पुलों, स्वास्थ्य और शिक्षा सुविधाएं को बहाल करने के लिए भी कदम उठाए जा रहे हैं।
कहा कि केंद्र सरकार केवल प्रभावितों की आजीविका को पुनर्जीवित करने में नहीं, बल्कि सुरक्षित और स्थिर जमू-कश्मीर के पुनर्निर्माण में सरकार के साथ भागीदार रहेगी।