एक पूर्व सांसद और आठ पूर्व विधायक शराब के कारोबार में संलिप्त हैं। विंटर कैपिटल में शराब की कुल 225 दुकानें चल रही हैं। वित्त मंत्री डा, हसीब द्राबू ने लिखित जवाब में कहा कि इन नेताओं का जम्मू, सांबा, कठुआ और लेह में शराब के कारोबार का लाइसेंस है।
जम्मू संभाग के दस जिलों में शराब की दुकानें हैं। श्रीनगर में मात्र चार और लेह में दो शराब की दुकानें हैं। इन शराब दुकानों को बंद करने के लिए कुछ संगठनों ने मांग की हैै। 29 सिंतबर को कारवां -ए-इस्लामी ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की है, जिस पर अदालत ने सरकार को नोटिस भी जारी किया है।
वित्त मंत्री ने बताया कि शराब बेचने में जम्मू शीर्ष पर है। जम्मू जिले में 135 शराब की दुकानें, बार के साथ 15 होटल, बैंक्वेट व बार के साथ सात होटल, 39 बार रेस्टोरेंट के साथ, एक बार बैंक्वेंट के साथ, चार बार क्लब के साथ और आफिसर मेस में एक बार है।
17 होलसेल ट्रेड लाइसेंस, 20 होलसेल ट्रेड लाइसेंस (रियासत के बाहर निर्माण के लिए) और बायो इम्पोर्टेड फारेन लिकर व इंडियन वाइन के लाइसेंस हैं। उधमपुर शराब बेचने वाला दूसरा जिला है। यहां 21 दुकानें हैं। कठुआ में 19, सांबा में 11, राजोरी में नौ और रियासी में सात दुकानें हैं। रामबन और डोडा में छह-छह, पुंछ में चार, किश्तवाड़ में एक दुकान है।