अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के रिसर्च स्कॉलर से हिजबुल दहशतगर्द बना मन्नान वानी घाटी में अब अपने पैर पसारने में जुट गया है। हाल ही में उसने नई फोटो जारी कर इस ओर इशारा भी कर दिया है कि आतंक के राह पर चलने के बाद अब वो वापस मुड़ के नहीं देखने वाला है।
मन्नान की ताजा जारी तस्वीर में वो एके राइफल लिए हुए नजर आ रहा है। इस साल के शुरूआत में ही गायब होने और उसके बाद आतंक की दुनिया में कदम रखने के बाद से ही वो लगातार चर्चा में था। अटकलें लगाई जा रही थी कि मन्नान घर वापस आ जाएगा।
रियासत के पूर्व सीएम उमर अब्दुल्ला समेत कई अन्य नेताओं ने उससे हिंसा का रास्ता छोड़ने की अपील की थी। लेकिन अब उसकी ओर से इस बात को साफ कर दिया गया है। मन्नान हिजबुल में अब वही औहदा पाने की जुगत में लग गया है जो कभी बुरहान का हुआ करता था।
सूत्रों के मुताबिक आतंकी मन्नान कश्मीर में सक्रिय है। वो अब अपने नेटवर्क को मजबूत करने में जुटा है। उसका इस्तेमाल हिजबुल, घाटी के अन्य युवाओ का बरगलाने के लिए कर रहा है। कुछ दिनों पहले लोलाब में मन्नान इज कमिंग, बी रेडी टू ज्वाइन लिखे पोस्टर देखे गए थे।
हालांकि एसएसपी कुपवाड़ा शमशेर हुसैन ने ऐसे किसी भी पोस्टर की मौजूदगी का खंडन किया था। इसके साथ ही वो सुरक्षा एजेंसियों के रडार पर भी है। मन्नान के गांव लोलाब से कुछ दिनों पहले बिलाल अहमद शाह भी आतंक की राह पर निकल गया था। उसे बहकाने वाला मन्नान ही बताया जा रहा है।
बूढे बाप के आंसूओं से भी नहीं पिघला दिल
बूढ़े पिता का सहारा बनाने की उम्र में मन्नान पूरे परिवार को धोखा देकर दहशतगर्द बन गया। मन्नान के पिता बशीर अहमद वानी ने कुछ दिनों पहले रोते हुए एक वीडियो जारी किया था। जिसमे उन्होंने कहा था कि मैं अपने बेटे को कलम की ताकत से कुछ बेहतर करते हुए देखना चाहता हूं न कि बंदूक से।
सरकार की जिंदा पकड़ने की कोशिश नाकाम
सूत्रों के अनुसार राज्य सरकार को रिपोर्ट मिली है कि वानी के एनकाउंटर के बाद घाटी में फिर से उसी प्रकार की हिंसा भड़कने की आशंका है। जैसे बुरहान के मारे जाने के समय हुआ था। सही वजह है कि उसे जिंदा पकड़ने की कोशिश चल रही है।