जम्मू। प्रदेश में आरटीओ और एआरटीओ कार्यालयों में बिना कारण लोगों के काम अटकाने वाले कर्मचारियों की अब खैर नहीं है। ऐसे कर्मचारियों के खिलाफ शिकायत मिलने पर न सिर्फ निलंबिन होगा, बल्कि उनके वेतन से कटौती कर शिकायतकर्ता को देरी का भुगतान किया जाएगा।
ताजा मामला रामबन एआरटीओ कार्यालय का है, जहां पर बिना वजह लोगों का काम अटकाने पर कर्मचारी मो युसूफ सलयरा और मोटर व्हीकल इंस्पेक्टर चंद्र मोहन शर्मा को निलंबित किया गया। इसमें से युसूफ सलयारा पर आरोप साबित होने पर उसके वेतन से पांच हजार रुपये शिकायतकर्ता को देरी के भुगतान के रूप में देने का आदेश जारी किया गया है।
एलजी के साथ मुलाकात कार्यक्रम में 25 फरवरी को रामबन जिले के हरोग निवासी राजेंद्र सिंह ने आरटीओ रामबन में अपनी बाइक के पंजीकरण में हो रही देरी से संबंधित शिकायत दर्ज करवाई थी। इस पर एलजी ने परिवहन विभाग को उचित कार्रवाई कर दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने को कहा था। परिवहन आयुक्त ने इस संबंध में जांच कमेटी का गठन किया था। जांच कमेटी ने रिपोर्ट में पाया कि मो युसूफ जेकेएसआरटीसी में कंडेक्टर है और उसे मोटर व्हीकल विभाग रामबन में भेजा था। यहां पर उसने बिना किसी उचित कारण के शिकायतकर्ता राजेंद्र सिंह की बाइक के पंजीकरण में देरी की। वहीं एक अन्य कर्मचारी चंद्रो मोहन शर्मा के मामले में कोई ठोस सुबूत नहीं मिलने पर उसे भविष्य में ऐसा करने से बचने को कहा गया है।