परगवाल/ज्यौड़ियां। हायर सेकेंडरी स्कूल ज्यौड़ियां में बुधवार को नशा मुक्त भारत अभियान के तहत जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभाव की जानकारी दी गई।
प्रधानाचार्य इंदु बाला ने बताया कि नशे की लत की वजह से युवा पीढ़ी अपना भविष्य अंधकार में धकेल देती है। नशे के सेवन से इंसान को शारीरिक व मानसिक रूप से तो नुकसान होता है। इसका उसके परिवार और समाज पर भी पड़ता है, इसलिए सभी को चाहिए कि वे बुरी संगत से दूरी बनाए रखें और खुद को नशे से दूर रखते हुए अपने आसपास मौजूद अन्य लोगों को भी नशे के दुष्प्रभाव के प्रति जागरूक करें। जेडआईसीसी राम रतन ने नशीली दवाओं की लत के वर्तमान परिदृश्य, सामाजिक न्याय और अधिकारिता पर स्थायी समिति के अनुमान, एनसीआरबी की रिपोर्ट, नारकोटिक्स ड्रग्स और साइकोट्रोपिक पदार्थ अधिनियम 1985 के तहत दर्ज मामलों पर प्रकाश डाला। डॉ. जैसमिन ने लोगों को बताया कि कैसे नशीले पदार्थ मस्तिष्क के रसायन विज्ञान में हेरफेर करके अस्थायी कल्याण की भ्रामक भावना पैदा करते हैं, जो अक्सर दीर्घकालिक नुकसान की ओर ले जाता है। इस मौके पर पूजा शर्मा, एएसआई रमन कुमार, कमलेश कुमारी, सुभाष शर्मा, चौ. शफाकत अली, बृजनंदन सिंह, सुशील शर्मा, सोम दत्त, रोहित शर्मा, चंद्र शेखर व रमिता शर्मा समेत कई शिक्षक मौजूद थे।
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ज्यौडियां के हायर स्कैंडरी स्कूल में छात्रों को नशे से दूर रहने की सलाह देते वक्ता