डॉक्टर्स एसोसिएशन कश्मीर (डीएके) ने कहा कि कोरोना मौतों के आधिकारिक आंकड़े नहीं दिए जा रहे हैं। एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. निसार उल हसन ने जारी बयान में कहा कि कोविड से मरने वालों की वास्तविक संख्या रिपोर्ट की तुलना में अधिक है।
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हसन ने कहा कि केवल वही मौतें आधिकारिक गिनती में आती हैं, जिनकी पुष्टि आरटीपीसीआर परीक्षण के माध्यम से कोरोना के रूप में की गई है। हसन ने कहा कि बुजुर्गों में अस्पताल में भर्ती होने और मृत्यु की दर सबसे अधिक है। हालांकि, कई का अस्पतालों में कोविड परीक्षण नहीं किया जाता है।
वहीं डॉ. निसार ने कहा कि कुछ लोग डर के कारण लक्षण होते हुए भी टेस्ट नहीं करवाते। लोगों को डर है कि अगर कोरोना से उनकी मौत होती है तो उन्हें उचित अंत्येष्टि नहीं मिलेगी।