लगातार दूसरे वर्ष कोरोना महामारी का प्रकोप जारी है। कोरोना संकट न सिर्फ जिंदगियां छीन है, बल्कि मजदूर से उनका रोजगार भी छीना है। मेहनत कश मजदूर आर्थिक तंगी का शिकार है, ऐसे में सरकार ने जम्मू-कश्मीर बिल्डिंग एंड अदर कंस्ट्रक्शन वर्कर्स वेलफेयर बोर्ड से पंजीकृत चार लाख के करीब श्रमिकों को मई और जुन महीने के लिए एक-एक हजार रुपए देने का फैसला लिया है। कोरोना महामारी में सरकार का यह फैसला कई मान्यों में खास है, जिससे लाखों श्रमिकों को सीधे मदद मिलेगी।
प्रदेश सरकार केवल बोर्ड से पंजीकृत श्रमिकों को ही आर्थिक देगा, जिसमें श्रमिकों के बैंक खाते है मई और जून महीने के लिए एक-एक हजार रुपए जमा होगा। पिछले वर्ष भी सरकार ने श्रमिकों को आर्थिक मदद मुहैया करवाई थी। बोर्ड के साथ वर्तमान में तीन लाख 93 हजार के करीब श्रमिक पंजीकृत है, जिन्हें दो महीने के लिए एक-एक हजार रुपया दिया जाएगा।
पिछले वर्ष श्रमिकों का बोर्ड से पंजीकरण करवाने के लिए श्रम विभाग ने विशेष अभियान शुरू किया था जिसके चलते बोर्ड के साथ पंजीकृत श्रमिकों की संख्या बढ़कर चार लाख के करीब पहुंच गई थी। पिछले श्रमिकों की आर्थिक मदद मिलने के बाद से श्रमिकों ने बड़े स्तर पर बोर्ड के साथ अपना पंजीकरण करवाया था। जेंडके बिल्डिंग एंड अदर कंस्ट्रक्शन वर्कर्स वेलफेयर बोर्ड के सीईओ मूनीर-उल- इसलाम ने कहा कि चार लाख के करीब श्रमिक बोर्ड के साथ सक्रिय रूप से पंजीकृत है, जिन्हें दो महीने के लिए एक-एक हजार रुपये मिलेगा।