संवाद न्यूज एजेंसी
सांबा। सांबा थाने में दर्ज सरकारी आदेश की अवहेलना मामले में आरोपी ने अपराध को स्वेच्छा से स्वीकार कर लिया। मंगलवार को मामले की सुनवाई करते हुए मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सांबा की अदालत ने आरोपी रघुबीर सिंह निवासी पुरानी कली नड्ड को 1500 रुपये का जुर्माना भरने की सजा सुनाई।
यह मामला भारतीय न्याय संहिता की धारा 223 के तहत दर्ज किया गया था जो लोक सेवक की ओर से जारी वैध आदेश की अवहेलना से जुड़ा है। अदालत में पेश किए गए आरोप पत्र के बाद आरोपी और अभियोजन ने अपने पक्ष रखे। अदालत ने आरोपी को स्पष्ट रूप से बताया कि वह दोष स्वीकार करने के लिए बाध्य नहीं है। इसके संभावित परिणाम भी समझाए गए। पर्याप्त समय दिए जाने के बाद भी आरोपी ने स्वेच्छा से अपना जुर्म कबूल किया। कोर्ट ने संतोष जताया कि स्वीकारोक्ति किसी दबाव, प्रलोभन या अनुचित प्रभाव में नहीं की गई है। अदालत ने आरोपी को धारा जुर्माने के साथ अदालत उठने तक की कैद की सजा सुनाई। अदालत ने यह भी कहा कि आरोपी का कोई पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड सामने नहीं आया है इसलिए मामले में नरमी बरती गई। जुर्माने की राशि आरोपी ने मौके पर जमा करा दी जिसके साथ ही मामला निस्तारित कर रिकॉर्ड में दर्ज कर दिया गया।