जम्मू। कोविड संक्रमण के बढ़ते प्रसार को देखते हुए सरकार ने आरटी-पीसीआर टेस्ट के लिए दरें तय कर दी हैं। अब निजी लैब इस टेस्ट के लिए मरीज से 2400 रुपये से अधिक नहीं वसूल सकेंगे। इन राशि में निजी लैब प्रबंधन की ओर से केंद्र शासित प्रदेश जम्मू-कश्मीर में पिकअप, पैकिंग, सैंपल की ट्रांसपोर्टेशन, जीएसटी/टैक्स, दस्तावेज और रिपोर्टिंग की सुविधा शामिल होगी।
उपराज्यपाल ने अंडर सेक्शन 2 एपिडेमिक डिजीज एक्ट 1897 (3 आफ 1897) के अधिकारों के तहत आरटी-पीसीआर कोविड टेस्ट के लिए निजी लैब में दरें और नई शर्तें तय की हैं। इसमें निजी लैब प्रबंधन को आईसीएमआर और भारत सरकार के सभी कोविड प्रोटोकाल का पालन करना होगा। उन्हें रियल टाइम में आईसीएमआर पोर्टल के माध्यम से कोविड 19 टेस्ट रिपोर्ट की विस्तृत जानकारी सरकार और आईसीएमआर को देनी होगी। सैंपलिंग के समय पीड़ित की शिनाख्त, पता, मोबाइल नंबर सैंपल रेफरल फार्म (एसआरएफ) पर रिकार्ड करना अनिवार्य है।
यह डाटा आरटी-पीसीआर एप्प पर तुरंत लोड किया जाएगा। टेस्ट रिपोर्ट के आने के तुरंत बाद पीड़ित को सूचित किया जाएगा। पॉजिटिव रिपोर्ट आने पर तत्काल मुख्य चिकित्सा अधिकारी और संबंधित जिला प्रशासन को मेल के माध्यम से जानकारी देनी होगी। सभी नेशनल एक्रिडेशन बोर्ड फार टेस्टिंग एंड केलिब्रेशन लेबोरेटरीस (एनएबीएल) और आईसीएमआर से मान्यता प्राप्त लेबोरेटरी को पीड़ित के बारे में सभी तरह की सूचनाओं को सार्वजनिक तौर पर गुप्ता रखना होगा। सरकार की ओर से भविष्य में किसी तरह की जानकारी लेने के लिए लेबोरेटरी प्रबंधन को मशीन में आरटी-पीसीआर टेस्ट की सभी रिपोर्ट को सुरक्षित रखना होगा। निजी लैब को तय दरों को दर्शाना होगा।