जम्मू-कश्मीर प्रदेश कांग्रेस समिति ने मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती के आतंकवादी बुरहान वानी के संदर्भ में दिए बयान कि सुरक्षा बलों को उसकी उपस्थिति का पता नहीं था, को खतरनाक बताते हुए राज्य सरकार और भाजपा से पूरे बयान पर स्पष्टीकरण की मांग की है।
पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रविंद्र शर्मा और उपाध्यक्ष रमण भल्ला का कहना है कि मुख्यमंत्री महबूबा के बयान का मतलब है कि अगर आतंकवादी बुरहान वानी के बारे में पता होता तो उसे नहीं मारा जाता।
उन्होंने कहा कि आतंकवाद को लेकर रियासती सरकार की ढुलमुल नीति राष्ट्र और रियासत की एकता और अखंडता के अलावा सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा है।
उन्होंने पीडीपी के साथ सरकार में गठबंधन सहयोगी भाजपा को बयान पर स्पष्टीकरण देने को कहा है। उन्होंने कहा कि सरकार की कथनी और करनी में फर्क है। एक तरफ मोदी सरकार व महबूबा सरकार आतंकवाद के प्रति जीरो टालरेंस की बात करते हैं तो दूसरी तरफ आतंकवादियों के प्रति नर्म नीति से देश व लोगों की सुरक्षा के लिए खतरा पैदा कर रहे हैं।