भैया दूज पर बहनों ने तिलक लगाकर भाइयों की लंबी आयु मांगी तो वहीं भाइयों ने बहनों की उम्र भर रक्षा करने के साथ उनके हर दुख में शरीक होने का संकल्प लिया।
प्यार के इस मिलन पर भैया दूज का पर्व पारंपरिक हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। मंदिरों में देवी-देवताओं को भी तिलक लगाकर श्रद्धालुओं ने सुख-समृद्धि मांगी।
भैया दूज पर शुक्रवार को दिन भर तिलक लगाने का मुहूर्त होने के कारण सुबह से ही बाजारों में रौनक बढ़ना शुरू हो गई थी।
हालांकि सुबह 10:30 बजे से दोपहर 12 बजे तक राहु काल के चलते तिलक लगाने से थोड़ा परहेज किया गया।
इससे दोपहर को अधिक भीड़ रही।
भाई-बहन निर्धारित मुहूर्त में ही भैया दूज की रस्म निभाने को आतुर थे। जिन बहनों के भाई दूर थे, वह एक दिन पहले ही उनके पास पहुंच गई थीं तो अधिकांश विवाहित बहनें सुबह सारी तैयारी करके मायके पहुंचीं।
इस खास मौके पर भाई-बहन ने आपसी खुशियों के साथ दर्द बांटा। बहनें अपने भाई की सलामती के लिए तिलक लगाने को उतावली रहीं। भाई भी बहनों का प्यार पाने को आतुर थे।
तिलक लगाने की परंपरा निभाने के साथ एक-दूसरे को ढेर सारे गिफ्टों से प्यार का इजहार किया गया। पर्व के चलते सरकारी और निजी कार्यालयों में कर्मियों की हाजिरी कम रही।
प्रबंधनों ने भी पर्व पर कर्मियों को थोड़ी राहत दी। तिलक लगाने के बाद कई बहनों ने भाइयों के साथ बाजारों में जमकर खरीदारी करके मनपसंद तोहफे खरीदे। इस दौरान घरों में विशेष व्यंजन परोसे गए थे।
भैया दूज पर बच्चों में खासा उत्साह रहा। छोटे बहन और भाइयों के बीच गिफ्ट लेने और देने का सिलसिला दिनभर चलता रहा।
भैया दूज पर कई भाई-बहनों परिवार के सदस्यों के साथ बड़े पर्दे पर सलमान खान की नई फिल्म प्रेम रतन धन पायो का मजा लूटा। शहर के प्रमुख सिनेप्लेक्स लगभग हाउस फुल रहे।
इसके लिए पहले से ही एडवांस बुकिंग हो गई थी। शहर के कई सिनेमाघरों में एक साथ सलमान खान की फिल्म लगाई गई। भैया दूज पर शहर और आसपास के इलाकों में दोपहर बाद तक जाम की स्थिति रही।
सुबह कुछ घंटे राहु काल होने के कारण दोपहर को चारों ओर से भीड़ निकलने से जाम रहा। पुराने शहर के परेड, कच्ची छावनी, राज तिलक रोड, पुरानी मंडी, शहर के बाहर तालाब तिल्लो, अखनूर रोड, बख्शीनगर, गुढ़ा मोड़, गांधीनगर, शास्त्रीनगर, जानीपुर, न्यू प्लाट आदि इलाकों में भारी जाम रहा। ट्रैफिक और पुलिस कर्मियों को यातायात सामान्य रखने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ी।