आरोपी लंबे समय से नशे के कारोबार में संलिप्त थे। अपनी अवैध कमाई से करोड़ों की संपत्ति खड़ी की थी। प्रशासन की यह कार्रवाई नशा तस्करों के खिलाफ कड़ा संदेश है। भविष्य में भी इस तरह की कार्रवाई होगी। कुलजीत सिंह, एसडीपीओ, गांधीनगर
नशा तस्करों पर सिर्फ बुलडोजर ही नहीं चलेगा बल्कि उनका पूरा आर्थिक ढांचा तोड़ा जाएगा। इसमें उनके पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस, आधार कार्ड और हथियार लाइसेंस भी रद्द किए जाएंगे। यह कार्रवाई पूरे सत्यापन के बाद की है। लंबे समय से दोनों नशा तस्करी में शामिल थे। इसी काली कमाई से दोनों ने करोड़ो की संपत्ति बनाई थी। - परमदीप सिंह, तहसीलदार
30 दिन में नेटवर्क नेस्तनाबूद करने का है अल्टीमेटम
यह बड़ी कार्रवाई उपराज्यपाल मनोज सिन्हा द्वारा 11 अप्रैल को शुरू किए गए 100 दिवसीय नशा मुक्त जम्मू-कश्मीर अभियान का अहम हिस्सा है। उपराज्यपाल ने हाल में पुलिस को निर्देश दिया था कि 30 दिनों के भीतर हर थाने के टॉप नशा तस्करों का नेटवर्क ध्वस्त किया जाए।
कुछ दोपहिया वाहन किए जब्त
पुलिस ने पप्पी के घर के पास घास की झोपड़ियां भी हटाई जो सरकारी भूमि पर बनी थीं। यहां से कुछ दोपहिया वाहनों को जब्त किया है। माना जा रहा वाहन नशे के काले कारोबार से बनाए पैसे से खरीदे गए हैं।
महिलाओं ने कार्रवाई का विरोध करने का किया प्रयास
शंप दीन के परिवार के सदस्य और रिश्तेदारों ने कार्रवाई का विरोध किया। हालांकि पुलिस बल के सामने उनकी नहीं चली। महिलाओं का कहना था कि किसी की सजा किसी को नहीं मिलनी चाहिए। निक्की तवी और बेलीचराना संवेदनशील इलाका है। यहां पहले भी कार्रवाई का विरोध हुआ है। विरोध या तनाव से निपटने के लिए मौके पर नायब तहसीलदार बिट्टी सिंह, एसडीपीओ साउथ, एसडीपीओ ईस्ट जम्मू और डीएसपी हेडक्वार्टर जम्मू मौजूद थे। इसके अलावा सतवारी, गांधी नगर, गंग्याल, बस स्टैंड, बख्शी नगर और नवाबाद थानों के एसएचओ भी अपनी-अपनी टीमों के साथ मुस्तैद रहे।