जीएमसी अस्पताल की मॉर्चरी (शवगृह) में पांच दिन से एक विवाहित युवती की लावारिस लाश पड़ी है। अभी तक इसकी शिनाख्त नहीं हो सकी है। इन पांच दिनों में पुलिस ने पहचान के लिए मृतका का फोटो तक अखबारों में छपवाना जरूरी नहीं समझा। अभी तक पोस्टमार्टम नहीं किए जाने से मौत के कारणों का भी पता नहीं चल सका है।
अलबत्ता सीसीटीवी के फुटेज से इतना जरूर पता चला है कि एक काले रंग की क्वालिस गाड़ी में उक्त महिला को अस्पताल तक लाया गया। दो लोग वाहन से बाहर निकले। एक स्ट्रेचर लिया। महिला को स्ट्रेचर पर डाला और वहीं छोड़कर भाग निकले। संभवत: उन्हें उम्मीद रही होगी कि युवती जिंदा है और बचा ली जाएगी।
कई घंटों तक लावारिस पड़े रहने के बाद अस्पताल के स्टाफ की नजर युवती पर पड़ी। चेकअप किया गया, तब तक उसकी जान जा चुकी थी। मृतका लाल रंग का कुर्ता और हरे रंग की सलवार पहने है। हाथों में चूड़ा है। पैरों और हाथों में मेहंदी भी लगी है।