पूर्व मुख्यमंत्री गुलाम नबी आजाद ने कहा कि महात्मा गांधी ने हमें प्रेम व शांति का संदेश दिया है। मानवता की सेवा ही सबसे बड़ी सेवा है। सभी धर्म यही संदेश दे रहे हैं। धर्म कभी किसी को बांटना नहीं सिखाता है। राजनीति में लोगों को बांटने का काम किया जाता है। राजनीति शैतान की तरह काम कर रही है और इसी से लोगों को बांटा जा रहा है। सरपंच, डीडीसी, बीडीसी, विधानसभा, लोकसभा व अन्य चुनाव में जीत हासिल करने के लिए लोगों को धर्म, जाति, इलाके, संभाग के नाम पर बांटा जाता है।
सीटें के बंटवारे के चक्कर में नहीं पढ़ते
उनसे जब परिसीमन प्रक्रिया में कश्मीर में एक और जम्मू में छह सीटें बढ़ाए जाने को लेकर प्रश्न पूछा तो उन्होंने कहा कि हम इस झगड़े में नहीं पड़ता चाहते हैं। मैं तो जम्मू-कश्मीर को राज्य मानता हूं। अभी तो हम यूटी की लड़ाई लड़ रहे हैं। ज्यादा सीटें कश्मीर को मिले या फिर जम्मू को मिले। मिल तो सभी जम्मू-कश्मीर को रही है। हमें केवल एक राज्य की बात करनी चाहिए।
जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा देने और चुनाव की मांग
अलग-अलग संभाग की कोई बात नहीं करनी चाहिए। उनसे भाजपा की तरफ से 50 सीटों पर कब्जा करने के दावे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि दिन में सपने देखने से किसी को रोका नहीं जा सकता है। उन्होंने कहा कि आल पार्टी की बैठक हुई थी, तो हमने सरकार के सामने जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा देने और चुनाव की मांग को रखा था, लेकिन सरकार के सामने एक शर्त रखी थी पहले विधानसभा चुनाव करवाए जाएं और उसके बाद हदबंदी की जाए।