मोटिवेशनल स्पीकर गौर गोपाल दास दे गए सफलता के तीन मंत्र
6वां सत्र राष्ट्रीय गान के साथ शुरू हुआ और एलजी मनोज सिन्हा ने प्रदेश के बदले हालातों पर बात की। इंफ्रास्ट्रक्चर, एजुकेशन के साथ विकसित जम्मू-कश्मीर के देश में योगदान पर विचार रखे। अंतिम सत्र में लाइफ कोच व मोटिवेशनल स्पीकर गौर गोपाल दास को देखने और सुनने के लिए एकाएक भीड़ बढ़ गई। पूरा सभागार हाउस फुल हो गया। यहां तक कि प्रवेश द्वार से लेकर सभागार तक कतार लग गई। अंदर जाने के हर दरवाजे पर लोग एकत्रित हो गए। सक्सेस शब्द से शुरू उनका संवाद सफलता के तीन मंत्र भी दे गया।
पहला- अगर हर कोई कर सकता है तो मैं भी कर सकता हूं, दूसरा- अगर दिमाग में जीत गए तो बाहर हार गए तो भी जीत आपकी होगी, तीसरा- अवसरों को देखना और उसके हिसाब से नजरिया बदलना। मंच को छोड़कर उन्होंने लोगों के बीच जाकर विचार साझा किए। लोगों को हर शब्द व लाइन का अंग्रेजी के बजाय हिंदी में अर्थ बताया। साथ ही अंग्रेजी में बोलकर हिंदी में अनुवाद किया। इसी बीच लोगों ने मोबाइल पर उनका पूरा कार्यक्रम रिकॉर्ड और लाइव किया। कुछ लोगों ने बताया कि दोस्तों को ऑनलाइन माध्यम से जोड़कर उन्हें मोटिवेट करने का प्रयास किया गया। इसी के साथ अमर उजाला संवाद लोगों में अपनी छाप छोड़ गया।