आरएस पुरा। सफाई कर्मचारियों ने मांगों को लेकर शुक्रवार को नगर पालिका कार्यालय के सामने प्रदर्शन किया। सफाई कर्मचारी यूनियन के प्रधान थामस गिल के नेतृत्व में नारेबाजी की।
थॉमस गिल ने कहा कि सफाई कर्मचारी लंबे समय से मांग कर रहे हैं कि सभी दैनिक और संविदा कर्मचारियों का वेतन 6700 रुपये से बढ़ाकर 18350 रुपये प्रति माह किया जाए। सभी संविदा कर्मचारी जिन्होंने अपना प्रभावी कार्यकाल पूरा कर लिया है, वे स्थायी होने चाहिए। गिल ने कहा कि दैनिक/संविदा कर्मचारियों की संख्या बढ़ाई जानी चाहिए, क्योंकि परिषद के अंतर्गत आने वाला क्षेत्र काफी बड़ा है। गिल ने कहा कि जब तक सरकार उनकी मांगों को पूरा नहीं करती तब तक प्रदर्शन जारी रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार सफाई कर्मचारियों की मांगों को लेकर गंभीर नहीं है। सफाई कर्मियों की समस्याओं को दूर करने के बजाय सरकार ध्यान नहीं दे रही है। इस दौरान सफाई कर्मी यूनियन के अन्य सदस्य भी मौजूद रहे।
सफाई कर्मियों की हड़ताल के चलते लगे गंदगी के ढेर
अखनूर। म्यूनिसिपल कमेटी के डेलीवेजर और सफाई कर्मचारियों ने हड़ताल कर रखी है। इसके चलते कस्बे के बाजारों और मोहल्लों में गंदगी के ढेर लग गए हैं। लोगों को कई प्रकार की समस्या का समाना करना पड़ रहा है।
शुक्रवार को दूसरे दिन भी सफाई कर्मचारियों ने मांगों के समर्थन में कमेटी परिसर में प्रधान कोडाराम की अगुवाई में धरना प्रदर्शन किया। सरकार से मांग की कि मांगों को हल किया जाए। प्रधान कोडाराम ने बताया कि म्यूनिसिपल कमेटी में कार्यरत डेलीवेजर कर्मचारियों को पक्का नहीं किया जा रहा, जबकि मासिक वेतन नहीं मिलने पर परिवार के पालन पोषण की समस्या आ गई है। कई बार चेयरमैन और कमेटी के अधिकारियों को अवगत कराया। मगर समस्याओं का समाधान नहीं किया जाता। ऐसे में तब तक हड़ताल जारी रहेगी, जब तक मांगों को पूरा नहीं किया जाता।
सफाई कर्मियों ने सरकार के खिलाफ किया प्रदर्शन
कहा, जल्द मांगें पूरी नहीं हुईं तो भुगतने पड़ेंगे गंभीर परिणाम
संवाद न्यूज एजेंसी
अरनिया। नगर पालिका के अस्थाई सफाई कर्मचारियों ने शुक्रवार को प्रधान भूषण लाल व उप प्रधान जॉनसन मसीह के नेतृत्व में मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। नपा कार्यालय परिसर में किए गए इस प्रदर्शन में छीन के लेंगे अपना हक, अपना हक मांगते हैं न किसी से भीख मांगते हैं, आवाज दो हम एक हैं व वी वांट जस्टिस के नारे लगाते हुए भड़ास निकाली।
प्रधान भूषण लाल व उप प्रधान जॉनसन मसीह ने कहा कि अपनी सेवाएं दे रहे अस्थाई कर्मचारी जो अपना सात साल पूरे कर चुके हैं उनको स्थायी किया जाए, मगर यहां कार्यरत कर्मचारियों को दस वर्षों से अस्थाई कर्मचारियों के तौर पर इस्तेमाल किया जा रहा है और मात्र 6850 रुपये प्रति माह दिए जा रहे हैं, जिससे महंगाई के इस दौर में परिवार का भरण पोषण मुश्किल हो रहा है।
सफाई कर्मचारियों ने मांगा अधिकार
कर्मचारियों ने शुक्रवार को मांगों को लेकर प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया। उन्होंने हड़ताल की भी चेतावनी दी।
सफाई कर्मचारी यूनियन के काला, रवि, राजु, नीटू, अनीता और रीटा ने बताया कि नगर परिषद का दायरा तो बढ़ाया गया, लेकिन नई भर्ती नहीं की गई। न ही डेलीवेजरों को पक्का किया गया। इसके लिए पहले भी उन्होंने हड़ताल की थी, तब अधिकारियों ने उन्हें आश्वासन दिलाया था कि अस्थाई कर्मचारियों के बारे में सोचा जाएगा, लेकिन कोई उचित कदम नहीं उठाया गया है। उन्होंने शासन के खिलाफ नारेबाजी भी की। वह मांग कर रहे थे कि अस्थाई कर्मियों को पक्का किया जाए व उनकी पुरानी मांगों को पूरा किया जाए।
भारतीय मजदूर संघ ने मांगों को लेकर किया प्रदर्शन
बिश्नाह। नगर पालिका कार्यालय में अखिल भारतीय मजदूर संघ की तरफ से प्रधान विकास मट्टू के नेतृत्व में मांगों को लेकर सफाई कर्मचारियों ने शुक्रवार को प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने मांगों को लेकर कहा कि हम कई बार प्रदर्शन कर चुके हैं। मगर हर बार आश्वासन मिले हैं। हमारी मांगों की तरफ ध्यान नहीं दिया जा रहा।
उन्होंने प्रशासन से कहा कि जल्द से जल्द हमारी मांगों को पूरा किया जाए, अन्यथा इसके गंभीर परिणाम होंगे। संवाद