विजयपुर में पोस्टर के माध्यम से फीस माफ करने की मांग करते लोग।
विजयपुर। कोरोना और लॉकडाउन के चलते कई माह से बच्चे घरों में बैठे हैं। उसके बावजूद भी निजी स्कूल के संचालक अभिभावकों पर फीस जमा करने का दबाव डाल रहे हैं। इस कारण लोगों को कई प्रकार की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
अभिभावकों ने बताया कि तीन माह से हमारे बच्चे घर में बैठे हैं। इसके बावजूद भी स्कूल के संचालक फीस जमा कराने का दबाव बना रहे हैं। फोन, वाट्सएप पर मैसेज भेजे जा रहे हैं, कि अगर फीस जमा नहीं कराई तो सिलेबस नहीं भेजा जाएगा। अभिभावक इस समय काफी परेशान हैं। इस ओर न तो केंद्र सरकार ध्यान दे रही है और न ही राज्य सरकार। आशीष दिशत, पंकज सिंह, ज्योति देवी, सोमराज, नरेंद्र शर्मा आदि ने आरोप लगाया कि कुछ विधायकों, नेताओं, मंत्रियों अधिकारियों के निजी स्कूलों में पार्टनरशिप होने के कारण हमारी सुनवाई नहीं हो रही है। लॉकडाउन तो हमारे लिए खतरनाक साबित साबित हुआ। क्योंकि हम लोगों ने प्रधानमंत्री के आदेश का पालन किया। उसके बावजूद भी हम लोगों को फीस जमा कराने पर मजबूर किया जा रहा है। स्कूल मालिकों द्वारा चेतावनी दी जा रही है कि अगर जल्द फीस जमा नहीं कराई गई तो बच्चों का सिलेबस हम रोक देंगे, जिस कारण पढ़ाई खराब हो जाएगी। उन्होंने केंद्र सरकार और उपराज्यपाल गिरीश चंद्र मुर्मू से मांग की है कि इस पर तत्काल ध्यान दिया जाए ताकि लाखों बच्चों के अभिभावकों की परेशानी कम हो सके।