अरनिया में बिजली विभाग के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करते लोग ।
अरनिया। बॉर्डर संघर्ष समिति के बैनर तले कस्बे में बिजली-पानी के बिल व बकाया बिलों की माफी की मांग को लेकर क्षेत्र के लोगों ने शुक्रवार को प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन की अगुवाई कर रहे पार्षद और समिति के प्रधान यशपाल बुड्ढा ने कहा कि पाकिस्तानी गोलाबारी के चलते साल में करीब आठ माह क्षेत्र के लोग जान बचाने के लिए सुरक्षित स्थानों शिविरों या फिर रिश्तेदारों के यहां चले जाते हैं, जबकि सामान्य स्थिति में भी रात में सुरक्षित स्थानों पर चले जाते हैं। उस पर बिजली विभाग प्रतिमाह भारी भरकम बिल थमा रहा है। जो हम लोगों के साथ अन्याय है, जिसे हम सहन नहीं करेंगे। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि पाकिस्तानी गोलाबारी करीब पांच किलोमीटर तक मार करती है, इसीलिए बॉर्डर से पांच किलोमीटर तक बिजली-पानी और बकाया बिल माफ होना चाहिए।
निजीकरण के चलते बिजली तारों को डाला जा रहा है, जबकि स्थानीय प्रशासन इस पर मौन धारण किए है। वहीं शनिवार को अरनिया-आरएस पुरा सड़क को बंद कर इससे भी बड़ा प्रदर्शन किया जाएगा जो मांगे माने जाने तक जारी रहेगा। प्रदर्शन में कमल कुमार, यशपाल प्रजापति व गोल्डी सहित कई लोग मौजूद शमिल रहे।
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किसान बढ़ा बिजली बिल देने की स्थिति में नहीं
संवाद न्यूज एजेंसी
ज्यौड़ियां। बिजली बिल में बढ़ोतरी किए जाने से क्षेत्र के ग्रामीणों में रोष दिन-प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। शुक्रवार को खौड़ के पंचायत मट्टू की वार्ड एक, दो और तीन के ग्रामीणों ने बैठक कर बिजली विभाग के खिलाफ रोष जताया। बैठक की अध्यक्षता मट्टू पंचायत के पूर्व पंच नारायण सिंह ने की तथा बैठक में पंचायत के सैकड़ों की संख्या में लोग उपस्थित रहे।
बैठक में नारायण सिंह ने कहा कि बिजली विभाग की तरफ से इस माह भेजे गए बिल को बढ़ाकर भेजा है, जिसे अदा कर पाना मुश्किल है, क्योंकि हम खेतीबाड़ी पर निर्भर हैं, और पांच-छह साल से खेतीबाड़ी में कोई मुनाफा नहीं हो रहा है। खेती घाटे में जा रही है, क्योंकि सिंचाई विभाग की तरफ से समय पर नहरों की सफाई नहीं की जा रही है। सूखे से फसलें सूख रही हैं। कभी बेमौसम बारिश से फसल खराब हो रही है। सरकार कोई ध्यान नहीं दे रही है। बिजली का बिल बढ़ाया जा रहा है।
बैठक में नायब सरपंच पंचायत मट्टू कुलबीर सिंह ने कहा कि किसानों के लिए बिजली का बढ़ा बिल दे पाना मुश्किल है। पंचायत के ज्यादातर लोग गरीब हैं। बिजली विभाग को चाहिए कि बिल में कटौती कर पहले की तरह ही बिल भेजे जाएं। ऐसा नहीं किया तो हम लोग विभाग के खिलाफ सड़क पर आ जाएंगे। बैठक के दौरान फैसला लिया गया कि अगर विभाग की तरफ से बिल को बढ़ाया तो हम लोग बिल अदा नहीं करेंगे। बैठक में पंच तरसेम सिंह, पूर्व सरपंच राकेश कुमार तथा घसीटा राम सहित अन्य कई लोग उपस्थित रहे।