फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आपशंभू मंदिर विवाद : जांच से पहले ही बदल गया मेडिकल बोर्ड

Sun, 26 Jun 2016 11:35 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/जम्मू
विज्ञापन
- फोटो : Amar Ujala
विज्ञापन
आपशंभु मंदिर तोड़फोड़ के आरोपी यासिर अल्फाज के मामले में शनिवार को नया मोड़ आ गया। मनोचिकित्सा अस्पताल में उसकी मेडिकल जांच नहीं हो सकी, लेकिन चौबीस घंटे में मेडिकल बोर्ड जरूर बदल गया। 
विज्ञापन


अब पांच सदस्यीय बोर्ड में नए मनोचिकित्सक डा. रामेश्वर सिंह शामिल किए गए हैं। इससे बोर्ड में दो मनोचिकित्सक हो गए हैं। बोर्ड से मेडिसन विभाग के एचओडी डा. अनिल महाजन को बाहर किया गया है। इसके अलावा साइकोलाजिस्ट डा. शबनम राइवस, न्यूरोलाजी विभाग के बीआर कुंडल, मनोचिकित्सक डा. राकेश बनाल, मेडिसन विभाग के डा. बीएन भौगल शामिल हैं। 

गत दिवस विवाद के 11 दिन बाद जिला प्रशासन की सिफारिश पर मेडिकल कालेज जम्मू की ओर से पांच सदस्यीय बोर्ड का गठन किया गया था, लेकिन चौबीस घंटे के भीतर शनिवार को प्रिंसिपल कार्यालय से दूसरे आर्डर में बोर्ड में बदलाव कर दिया गया। बोर्ड में अधिक मनोचिकित्सकों को शामिल करने पर जोर दिया जा रहा था। इससे एक और मनोचिकित्सक शामिल किया गया। 
विज्ञापन


इस बीच शनिवार सुबह 10:30 बजे तय शेड्यूल के मुताबिक आरोपी यासिर की मेडिकल जांच साइक्रेटरी अस्पताल के अधीक्षक कार्यालय में की जानी थी। इस दौरान अधीक्षक सहित बोर्ड के चार सदस्य मौजूद थे, लेकिन न्यूरोलाजी विभाग के विशेषज्ञ नहीं पहुंच सके। 

अभी भी बोर्ड में वरिष्ठ मनोचिकित्सक नहीं

यासिर की मेडिकल जांच के दौरान विरोध जताने कई संगठनों के कार्यकर्ता पहुंचे हुए थे। अस्पताल परिसर में सुबह से ही पुलिस बल को लगाया गया था। कई अधिकारियों ने अस्पताल पहुंचकर हालात का जायजा लिया। बोर्ड सदस्यों के साथ बैठक में मेडिकल जांच को बाद में करवाने का फैसला लिया गया। सूत्रों के अनुसार मेडिकल जांच दोपहर बाद करवाने की भी योजना थी, लेकिन ऐसा नहीं हो पाया।

रविवार को भी आरोपी की मेडिकल जांच करवाई जा सकती है। सूत्रों के अनुसार जांच रिपोर्ट को विधानसभा के बाद दिया जाएगा। इसमें आरोपी के पहले कई टेस्ट करवाए जाएंगे, जिसमें सिटी स्कैन, एमआरआई आदि शामिल हो सकता है। 
 
यासिर की मेडिकल जांच के लिए गठित बोर्ड में भले ही बदलाव करके एक और मनोचिकित्सक को शामिल किया गया है, लेकिन वह मेडिकल अफसर के पद पर कार्यरत हैं। बोर्ड में कोई भी वरिष्ठ मनोचिकित्सक मौजूद नहीं है, जबकि साइक्रेटरी अस्पताल में दो वरिष्ठ मनोचिकित्सक उपलब्ध हैं। 
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें