रावी नदी में ठोस कचरा फेंकना कठुआ नगर परिषद को महंगा पड़ा है। जम्मू-कश्मीर प्रदूषण नियंत्रण समिति ने परिषद पर ठोस अपशिष्ट प्रबंधन (सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट) नियम, 2016 की अनदेखी के लिए नगर परिषद कठुआ पर 82.40 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। परिषद को 45 दिनों में जुर्माना राशि का भुगतान करना होगा, अन्यथा जुर्माना राशि पर अतिरिक्त 12 फीसदी का भुगतान करना पड़ेगा।
जम्मू-कश्मीर प्रदूषण नियंत्रण समिति के सदस्य सचिव बीएम शर्मा की ओर से जारी आदेश में बताया गया है कि नगर परिषद कठुआ की ओर से अवैज्ञानिक तरीके से रावी नदी में ठोस अपशिष्ट फेंकने की रिपोर्ट मिली। समिति के फील्ड स्टाफ ने मौके पर जाकर फोटोग्राफी की।
कई बार नोटिस देने के बावजूद कार्यकारी अधिकारी नगर परिषद कठुआ ठोस अपशिष्ट का वैज्ञानिक तरीके से निस्तारण सुनिश्चित नहीं कर पाए। इसमें नवंबर के मध्य परिषद को पर्यावरण मुआवजा न लगाने का कारण पूछा गया।
इसके बाद भी संभागीय अधिकारी प्रदूषण नियंत्रण समिति कठुआ द्वारा नगर परिषद की ओर से ठोस अपशिष्ट का वैज्ञानिक ढंग से निस्तारण न करने की रिपोर्ट दी गई। इसमें रावी में खुले में कचरा फेंका जा रहा था।
कई बार नोटिस देने के बाद भी जब परिषद ने कोई कदम नहीं उठाया तो क्षेत्रीय निदेशक प्रदूषण नियंत्रण समिति की ओर से पर्यावरण मुआवजा की सिफारिश की गई। इसमें तकनीकी सलाहकार समिति ने नियमों के तहत 82.40 लाख रुपये का पर्यावरण मुआवजा लगाने की सिफारिश की। इस मामले में केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और माननीय राष्ट्रीय हरित ट्रिब्यूनल की गाइडलाइन को ध्यान में रखते हुए कार्रवाई की गई है।