एम्स के लिए आयोजित छह दिन के बंद का पांचवा दिन पहले चार दिनों की तुलना में शांत रहा। मंगलवार को सुबह तो बंद कामयाब रहा, पर दोपहर बाद कई इलाकों में दुकानें धीरे-धीरे खुलने लगीं।
प्रदर्शनकारियों द्वारा रैलियां न निकलने का असर दोपहर बाद दिखने लगा। एम्स कमेटी ने आरोप लगाया कि भाजपा ने पुलिस के साथ मिलकर बंद दुकानें जबरन खुलवाने का प्रयास किया, जबकि धारा 144 की आड़ में शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वालों पर कहर बरपाया।
चट्ठा इलाके में दुकान खोलने को लेकर हुए विवाद में एक युवक को कुछ लोगों ने बुरी तरह घायल कर दिया। घायल सौरभ को गांधीनगर अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। कच्ची छावनी स्थित भाजपा मुख्यालय की ओर जाने वाली तमाम सड़कों पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया।
भाजपा पर लगा जबरदस्ती का आरोप
प्रदर्शनकारी छोटे-छोटे ग्रुप में पहुंच बाजार बंद करवाते देखे गए। कई स्थानों पर पुलिस ने उन्हें खदेड़ा। एम्स कमेटी के चेयरमैन अभिनव शर्मा के अनुसार पुलिस द्वारा उठाए गए कुछ लोगों पर एफआईआर दर्ज की गई और कुछ को बिना एफआईआर रखा गया।
एसएसपी (इंचार्ज) राजीव पांडे ने कहा कि शहर में स्थिति शांतिपूर्ण रही। कहीं से हिंसा की सूचना नहीं है। लगभग 50 लोगों को धारा 144 के उल्लंघन के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। उह्वमें से 30 को पर्सनल बांड पर छोड़ दिया गया।
जम्मू बंद के पांचवें दिन तमाम कामर्शियल वाहन सड़कों से दूर रहे। निजी स्कूल बंद रहे, जबकि सरकारी स्कूलों में बच्चे नहीं पहुंचे। कुछ बैकों में शटर गिरे मिले तो कुछ में कामकाज हुआ, लेकिन ग्राहकोें की संख्या काफी कम रही।
सिनेमाघरों में भी शो नहीं हो पाए। श्री अमरनाथ यात्रियों को राहत प्रदान करने के लिए एम्स कमेटी की ओर से चार बसों का इंतजाम किया गया। क्रमवार भूख हड़ताल 15वें दिन भी जारी रही।
मंगलवार को 40 लोग भूख हड़ताल पर बैठे। कई स्थानों पर लोगों ने सरकार के पुतले फूंके। कई स्थानों पर कांग्रेस, नेशनल कांफ्रेंस और पैंथर्स कार्यकर्ताओं ने भी प्रदर्शन किया।
अगली रणनीति को लेकर बैठक आज
छह दिवसीय बंद के अंतिम दिन के बाद आंदोलन की अगली रणनीति तय करने के लिए कोआर्डिनेशन कमेटी की महत्वपूर्ण बैठक बुधवार को होगी।
कमेटी के चेयरमैन न कहा कि बुधवार को कमेटी सर्वसम्मति से यदि बंद जारी रखने का फैसला करती है तो उस पर अमल किया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि कमेटी ने दो अगस्त को तीन दिनों के लिए बंद बढ़ाने की घोषणा की थी तो उन्होंने कहा था कि यदि पांच तक केंद्र सरकार कोई निर्णय नहीं लेती है तो अनिश्चितकालीन जम्मू बंद किया जाएगा।