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33 दिनों तक चली डेलीवेजरों की हड़ताल स्थगित

Sun, 11 Oct 2015 09:41 PM IST
ब्यूरो/अमरउजाला, जम्मू
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नियमित करने की मांग को लेकर पिछले 33 दिनों से जारी पीएचई डेलीवेजरों की काम छोड़ हड़ताल रविवार को पीएचई, सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण मंत्री चौधरी सुखनंदन कुमार के आश्वासन के बाद स्थगित हो गई।
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मंत्री ने धरना स्थल पर आकर डेलीवेजरों को आश्वासन दिया कि सरकार ने डेलीवेजरों को नियमित करने की दिशा में अहम कदम उठाते हुए कैबिनेट सब कमेटी बनाई है। इस कमेटी में डेलीवेजरों के प्रतिनिधि भी शामिल रहेंगे।

करीब तीन महीने में कमेटी की सिफारिशें मिलते ही सरकार इसे लागू करेगी। मंत्री के आश्वासन पर संतोष जताते हुए डेलीवेजरों ने हड़ताल को स्थगित करने का एलान कर दिया।
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पीएचई मंत्री चौधरी सुखनंदन कुमार ने चीफ इंजीनियर राजीव गंडोत्रा और डीआईजी अशकूर वानी के साथ रविवार दोपहर को पीएचई डेलीवेजरों के धरना स्थल पर पहुंचकर सार्वजनिक तौर पर उन्हें संबोधित करते हुए आश्वासन दिया।

उन्होंने कहा कि जहां तक डेलीवेजरों की कई साल के लंबित वेतन का सवाल हैं तो केंद्र सरकार को इस संबंध में जानकारी दी गई है। वहां से राशि मिलते ही लंबित वेतन भी जारी कर दिया जाएगा।

चीफ इंजीनियर ने मौके पर आश्वासन दिया कि तीन महीने का वेतन विभाग शीघ्र जारी कर देगा। आश्वासन मिलने पर आल जेएंडके पीएचई, आईटीआई ट्रेंड एंड सीपी वर्कर्स एसोसिएशन के प्रधान तनवीर हुसेन ने हड़ताल को स्थगित करने का एलान किया।

उन्होंने कहा कि मंत्री ने ठोस आश्वासन दिया है और अगर तीन महीने में मांग पूरी न हुई तो फिर स्थगित आंदोलन को दोबारा शुरू कर दिया जाएगा। इससे पूर्व रविवार को डेलीवेजर धरना स्थल पर अपने बच्चों सहित पहुंचे।

 बच्चों ने भी बैनर और प्ले कार्ड लिए हुए थे, जिस पर मोदी जी मेरे पापा को नियमित करो के नारे लिखे हुए थे। पीएचई विभाग के जम्मू संभाग के करीब 16 हजार डेलीवेजरों की काम छोड़ हड़ताल स्थगित होने के बाद सोमवार से वे काम पर लौट आएंगे।

करीब एक माह तक चली काम छोड़ हड़ताल की वजह कई इलाकों में पेयजल आपूर्ति की समस्या बनी रही। विभाग के एग्जीक्यूटिव इंजीनियरों के अलावा एईई, जेई स्तर के अधिकारियों तक को ट्यूबवेल पर जाकर पेयजल आपूर्ति खुलवाने में कड़ी मशक्कत करनी पड़ रही थी।
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