उधमपुर। जिले के विभिन्न स्थानों पर वीरवार को महिलाओं ने बच्छ दुआ लोक पर्व पारंपरिक रीति रिवाज के साथ मनाया। देविका तट पर महिलाओं ने गाय व बछड़े के स्वरूप को बनाकर पूजा की। इसके बाद परिवार की सुख शांति व समृद्धि के अलावा बच्चों की लंबी उम्र के लिए प्रार्थना की।
बच्छ दुआ पर्व को लेकर सुबह छह बजे से ही देविका तट पर महिलाओं का पहुंचना शुरू हो गया था। दिन बढने के साथ ही महिलाओं की संख्या में भी इजाफा होता गया। दोपहर को तो इतनी ज्यादा भीड़ थी कि महिलाओं को तट पर खड़े रहने का भी स्थान नहीं मिल रहा था। देविका पहुंची कांता देवी ने बताया कि डोगरों के लिए बच्छ दुआ का पर्व बहुत ही ज्यादा महत्व रखता है। इस व्रत को विशेष तौर पर बच्चों की लंबी उम्र के लिए रखा जाता है। पूजन में विशेष तौर पर 13 प्रकार के फलों को इस्तेमाल किया जाता है और साथ ही कथा सुना कर आज के दिन के बारे में महिलाओं को विस्तार से बताया जाता है। इस अवसर पर महिलाओं ने दानपुण्य भी किया। वहीं ग्रामीण इलाकों में महिलाओं ने पवित्र बावलियों पर जाकर गाय व बछड़े की आटे के साथ प्रतिमा बनाकर पूजन किया व लोक आस्था के साथ मीठे मीठे रोट चढ़ाए। साथ ही बच्चों सहित परिवार की सुख शांति की कामना की। बच्छ दुआ को लेकर घरों में भी वातावरण भक्तिमय बना रहा। शाम को घरों में विशेष पूजन का आयोजन किया गया, जिसमें पूरे परिवार ने हिस्सा लेकर भगवान से प्रार्थना की।