उधमपुर। वीरवार रात आठ बजे से शुरू हुई जलशक्ति विभाग के अस्थायी कर्मचारियों की 72 घंटे की काम छोड़ हड़ताल के चलते जिले में जल संकट गहराने लगा है। हड़ताल के दूसरे दिन लोगों की दिक्कतें काफी बढ़ गई हैं।
रोटेशन वाइज पेयजल आपूर्ति के चलते शनिवार को आधे शहर में जल आपूर्ति नहीं हो पाई। लोगों को महंगे दाम पर पानी के टैंकर मंगवाने पड़े। जिले के ग्रामीण इलाकों में हड़ताल के चलते स्थिति गंभीर हो गई है। रामनगर, चिनैनी, मजालता और शहर के आसपास के कुछ इक्का-दुक्का क्षेत्रों को छोड़कर अधिकतर इलाकों में लगातार दो दिन से पानी की सुचारु सप्लाई नहीं हो पा रही है।
इससे लोगों को हैंडपंपों और बावलियों से पानी ढोना पड़ रहा है। लेकिन यहां भी भीड़ बढ़ने से लोगों को अपनी बारी के लिए कतारों में लगना पड़ रहा है। उधर, जल शक्ति विभाग अपने स्थायी कर्मचारियों के सहारे जिला के शहरी इलाकों के साथ ही ग्रामीण इलाकों में भी पेयजल आपूर्ति को सुचारु बनाने का प्रयास कर रहा है। टैंकरों के प्रबंध भी किए जा रहे हैं।